हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल की ऑनलाईन अध्यापक स्थानांतरण नीति के बाद ज…


हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल की ऑनलाईन अध्यापक स्थानांतरण नीति के बाद जनसाधारण की शिकायतों का सहज समाधान करने के लिए सीएम विंडो व उनके ट्विटर हैंडल की चर्चा भी अन्य पडोसी राज्यों में हो रही है। यहां तक की कई राज्यों ने तो इस व्यवस्था का अध्ययन करने के लिए अपने अधिकारियों की टीम भी हरियाणा भेजी है। एनआरआईज़ ने भी इसे सराहा है।
मुख्यमंत्री के ओएसडी श्री भूपेश्वर दयाल के अनुसार इस व्यवस्था को हरियाणा का आमजन एक अच्छा कदम मान रहे हैं क्योंकि ज्योंहि मिलती है शिकायत-त्योंहि लिया जाता है संज्ञान और शिकायतकर्ता को टेलीफोन करके बताया जाता है कि आपकी शिकायत मिली है । आपकी समस्या का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा समाज के प्रबुद्घ व्यक्तियों की गवाही के साथ स्वयं शिकायतकर्ता से उसकी संतुष्टि पूछी जाती है और उसके बाद शिकायत को फाईल किया जाता है। सूचना प्रोद्योगिकी के आज के इस युग में सोशल मीडिया का यह प्लेटफार्म युवा पीढ़ी को खूब रास आ रहा है और अपने परिवार के साथ-साथ सार्वजनिक हित की शिकायतों के भी पोस्ट डाल रहे हैं। एनआरआई तो इसे अपने लिए एक बड़ी सहूलियत मानकर मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल की सराहना कर रहे हैं।
श्री भूपेश्वर दयाल ने बताया कि सीएम विंडो पर शिकायत देने के लिए सिर्फ एक सादे कागज पर लिखित में देना होता है जबकि ट्विटर हैंडल पर सीमित शब्दों में अपनी बात पहुंचानी होती है। उन्होंने बताया कि जैसे ही मुख्यमंत्री कार्यालय में शिकायतें पहुंचती हैं, समर्पित अधिकारियों की टीम द्वारा तत्काल संज्ञान लेकर सम्बन्धित विभाग को आगामीकार्रवाई के लिए निर्देश दिए जाते हैं।
उन्होंने बताया कि कोविड-19 के दौरान लोगों ने अपनी समस्याएं मुख्यमंत्री तक पहुंचाने के लिए सीएम विंडो व ट्विटर हैंडल का भरपूर उपयोग किया है। वर्ष 2021 के दौरान अब तक सीएम विंडो डैशबोर्ड पर कुल 90630 शिकायतें, सुझाव व मांगें पंजीकृत की गईं। इसके अलावा, अप्रवासी भारतीयों ने भी 63 सुझाव व शिकायतें पोस्ट किए हैं। उन्होने बताया कि इस वर्ष 48334 शिकायतों का समाधान किया गया है। इसके अलावा, 3569 शिकायतें व्यवहार्य नहीं पाई गई जबकि 7142 शिकायतों पर सम्बन्धित विभागों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। इसी प्रकार, 4798 पर शिकायतकर्ता व प्रबुद्घ व्यक्तियों ने मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा की गई कार्रवाई पर लिखित में संतुष्टि व्यक्त की है। उन्होंने बताया कि 12468 शिकायतों व सुझावों का समाधान का कार्य प्रगति पर है।
पेडों के रख-रखाव में भी सीएम विंडो का योगदान
उन्होने बताया कि रोहतक जिले के गांव खेड़ी साध के कृष्ण कुमार ने शिकायत दर्ज करवाई थी कि भारती रियलटी प्रोजेक्ट के तहत उसने मुशैदपुर, पालडी, गढी नत्थे खां गांवों में पोधों की देखरेख करने का कार्य लिया था। हरियाणा वन विकास निगम, गुरुग्राम के महाप्रबंधक द्वारा 156750 रुपये के बिलों की अदायगी रोकी हुई है। कईं बार व्यक्तिगत रुप से उनके कार्यालय में मिल चुका हूं और हर बार झूठा आश्वासन देकर टाल देता है। हारकर मुझे सीएम विंडो का सहारा लेना पड़ा। श्री भूपेश्वर दयाल ने बताया कि ज्योंहि मुख्यमंत्री कार्यालय में मामला आया त्योंहि संज्ञान लिया गया तथा वन विभाग से स्पष्टीकरण मांगा गया। अपनी जानकारी में वन विभाग ने कहा कि महाप्रबंधक, हरियाणा वन विकास निगम, गुरुग्राम द्वारा कृष्ण कुमार के बिलों की अदायगी कर दी गई है। शिकायतकर्ता ने भी लिखित में इसकी स्तुति दी है।
महेन्द्रगढ़ जिले के गांव ककराला के किसान धर्मवीर को मिली बिजली मोटर
ओएसडी ने बताया कि सितंबर माह में मुख्यमंत्री के ट्विटर हैंडल पर फरीदाबाद, गुरुग्राम, कैथल, पानीपत, पंचकूला, भिवानी, महेद्रगढ़ जिलों से आई शिकायतों पर तत्काल संज्ञान लेकर समाधान किया गया। उन्होने बताया कि महेन्द्रगढ़ जिलें धर्मवीर सिंह ने टिकट नं 3355249 से 22 सितंबर, 2021 को रात्रि 09:09 बजे @dharmbi65322989 लिंक से ट्वीट किया गया की ‘श्रीमान जी हमने 30 सितंबर, 2019 को DHBVN को मोटर के लिए ऑनलाइन पैमेंट रसीद नं 809366 द्वारा की गई थी। हम किसान परिवार से हैं और कृषि पर निर्भर है कृपया करके हमारी समस्या का जल्द से जल्द समाधान करें। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा तत्काल संज्ञान लिया गया और DHBVN कार्यालय द्वारा 27 सितंबर को सूचना दी गई कि धर्मवीर को मोटर दे दी गई है । अतः शिकायत का निपटान कर दिया गया है।
भूपेश्वर दयाल ने बताया कि किसान धर्मवीर ने अपने रि-ट्विट में 30 सितंबर, 2021 को 12ः55 बजे कहा कि ‘श्रीमान जी आपका बहुत-बहुत धन्यवाद मोटर दिलाने के लिए आपने किसान की समस्या को गंभीरता से लिया । सधन्यवाद नाम धर्मवीर, गांव ककराला, मोबाईल नं 9050970990’
कैथल की लड़की की समस्या का समाधान मात्र साढे तीन घंटे में हुआ
श्री भूपेश्वर दयाल ने बताया कि कैथल से 30 सितंबर, 2021 को 12:59 बजे फोन नं 9813380060 से RK Haryana ने @Rupesh_hry ने टिकट नं 3375872 से @Cmohry, @mlkhattar, @cbseindia29 पर पोस्ट किया की ओ एस डी ए वी स्कूल, कैथल (हरियाणा) ने बेटी 10+2 (Non Medical) का बोर्ड पेपर के लिए नाम भेजने से मना किया। बच्ची का कसूर मात्र इतना है कि बच्ची का पिता स्कूल द्वारा की जाने वाली अवैध वसूली के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा है। न्याय। उन्होने बताया कि मामले की गम्भीरता को देखते हुए सीएम कार्यालय द्वारा कड़ा संज्ञान लिया गया और स्कूल प्रबंधन से स्पष्टीकरण चाहा। उन्होने बताया कि RK Haryana ने अपने रि-ट्विट में मदद के लिए @RajBhavanHry, @Dattatreya, @mlkhattar, @Dchautala, @Cmohry, @Chkanwarpal आप सबका शुक्रिया। आपके आदेश पर मामला सुलझा व बेटी का एक कीमती साल बर्बाद होने से बच गया। आप सबका तहदिल से शुक्रिया आज आपके सहयोग से अन्याय के खिलाफ लड़ने के लिए नई उर्जा मिली है।’ उन्होने यह ट्विट 30 सितंबर, 2021 को सायः 6:48 बजे किया है।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री के ट्विटर हैंडल पर की गई पोस्ट पर मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा तत्काल संज्ञान लिया जाता है और पोस्ट करने वाले अपने रि-ट्विट में कहते हैं कि ‘‘जी हां। हमारी समस्या का समाधान हो गया है। आपका बहुत-बहुत धन्यवाद। जय हिन्द’’
अब वे @Cmohry, @mlkhattar, @anilvijminister, @Dchautala, @narendramodi को रि-ट्विट मैसेज भेजते हैं।
उन्होंने बताया कि कोरोना काल के दौरान मुख्यमंत्री के ट्विटर हैंडल पर आई इस तरह की अनेकों शिकायतों का समाधान मुख्यमंत्री कार्यालय द्वारा किया गया है। यहां तक कि वे कई बार स्वयं सीधे सम्बन्धित विभाग के अधिकारियों से सम्पर्क करते हैं और समस्या का समाधान करने का कोई न कोई रास्ता निकलवाते हैं।
‘‘फरियादों पर नहीं होती थी सुनवाई-अब लोग कह रहे है कि हो रहा है समाधान’’


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