कल से दिल्ली को छोड़ बाकी पड़ोसी राज्यों के बड़े शहरों में भी जाएंगी 157 रोडवेज बसें, साथ ही ग्रामीण रूटों पर भी सेवा बहाल

  • एक जिले से दूसरे जिले के लिए 212 व ग्रामीण रूटों पर 223 बसें चलेंगी
  • परिवहन विभाग के अधिकारियों ने सभी डिपो के जीएम से मांगी डिमांड

पानीपत. (सुशील भार्गव ) हरियाणा रोडवेज की बसों में सफर करने वाले यात्रियों के लिए अच्छी खबर है। 4 जून से रोडवेज की 157 बसें पड़ोसी राज्यों के लिए भी चलेंगी। इनमें प्रमुख रूप से जयपुर, मनाली, शिमला, अमृतसर, जालंधर, हरिद्वार, अलीगढ़, मथुरा, आगरा सहित कई अन्य शहरों तक बसें जा सकेंगी। इससे प्रदेश में करीब 592 बसों का परिचालन शुरू हो जाएगा। 157 बसें दूसरे राज्यों में जाएंगी। 212 बसें राज्य में एक जिले से दूसरे जिले में चलेंगी और लोकल रूटों पर 223 बसें चलाई जाएंगी।

लोकल रूटों को छोड़कर बाकी सभी रूटों के लिए टिकट बुकिंग ऑनलाइन ही होगी। दूसरे राज्यों के लिए बुकिंग 3 जून से शुरू हो रही है। परिवहन विभाग के निदेशक वीरेंद्र दहिया ने बताया कि गुड़गांव से चंडीगढ़ तक दो वॉल्वों बसें भी चलेंगी। इसी तरह चंडीगढ़ से गुड़गांव भी दोनों बसें चलाई जाएंगी। इसके बाद यात्रियों की संख्या को देखते हुए वॉल्वो का परिचालन बढ़ाया जाएगा। रोडवेज के बेड़े में करीब 4100 बसें हैं और फिलहाल करीब 15 फीसदी बसों को ही चलाया जा रहा है। अब तक प्रदेश से करीब 200 बसों का संचालन हो रहा था। इनमें कुछ मिनी बसों को भी चलाया जा रहा था।

दूसरे राज्याें के प्रमुख शहरों के लिए बसों का शेडयूल

मास्क, सैनिटाइजर व सोशल डिस्टेंसिंग जरूरी
सभी लोगों को मास्क पहनना व सैनिटाइजर साथ रखना अनिवार्य है। बसों में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना होगा। एक सीट पर एक परिवार के लोग साथ बैठ सकते हैं। हर बस को चलने से पहले सैनिटाइज किया जाएगा। रास्ते से यदि कोई यात्री चढ़ता है तो परिचालक संबंधित यात्री के हाथ सैनिटाइज कराएंगे। लंबी दूरी की बसों में टिकट ऑनलाइन ही लेने होंगे। ग्रामीण रूटों के लिए ऑफलाइन व
ऑनलाइन दोनों तरीके से टिकट उपलब्ध होंगे।

अभी 592 बसें प्रदेश व दूसरे राज्यों में चलाने का फैसला किया है। धीरे-धीरे इनकी संख्या बढ़ाई जाएगी। -मूलचंद शर्मा, परिवहन मंत्री