मुख्यमंत्री ने पीएस टू सीएम से कहा-अफसरों को कहें, विधायकों की सुनें

  • विधायकों की शिकायत, अफसर फोन तक नहीं उठाते

चंडीगढ़. विधायकों के अफसरों द्वारा फोन अटैंड न करने के साथ मान-सम्मान न देने का मामला मुख्यमंत्री मनोहर लाल के दरबार में पहुंच गया है। रविवार को विधानसभा स्पीकर ज्ञानचंद गुप्ता ने उनसे मुलाकात की और विधायकों से दो दिन चली वीडियो कान्फ्रेंस में उनके द्वारा बताए गए मामले मुख्यमंत्री के सामने रखे।

मुख्यमंत्री ने भी अफसरों की शिकायत को गंभीरता से लिया और उसी वक्त पीएसटूसीएम आरके खुल्लर से फोन पर कहा कि मुख्य सचिव से बातचीत करें कि वे सभी मंडलायुक्त, आयुक्त, एसपी और अन्य विभागों के अफसरों के आदेश जारी करें कि विधायकों का पूरा मान सम्मान किया और उनके फोन भी अटैंड करें।
स्पीकर ने बताया कि मुख्यमंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधियों का सम्मान करना विधानपालिका के साथ कार्यपालिका की भी जिम्मेदारी है। मुख्यमंत्री से विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता की इस मुलाकात के दौरान विधानसभा उपाध्यक्ष रणबीर गंगवा भी उनके साथ रहे।
बता दें कि कोरोना संक्रमण के कारण लॉकडाउन के चलते विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता प्रदेश के विधायकों से मुलाकात नहीं कर पा रहे थे। इसलिए गुप्ता ने विधायकों की कुशलक्षेम पूछने और निकट भविष्य में बनाई जाने वाली संसदीय समितियों के गठन पर सुझाव लेने के लिए 21 और 22 मई को वीडियो कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया। इस दौरान विधायकों ने अधिकारियों के रवैये पर काफी नाराजगी जताई। विधायकों का कहना था कि अधिकारी बताए हुए काम करना तो दूर उनके फोन तक नहीं उठाते।

सीएम ने गंभीरता से लिया अफसरों का मामला

विधानसभा स्पीकर ने कहा कि अधिकतर जन प्रतिनिधि प्रदेश सरकार की कार्यशैली से संतुष्ट हैं, लेकिन कुछ अधिकारियों का व्यवहार चिंताजनक है। कोरोना काल में संक्रमण रोकने के लिए केंद्र और प्रदेश सरकार की ओर से जो कदम उठाए गए हैं, उससे जनता में अच्छा संकेत गया है। मुख्यमंत्री ने विधायकों की समस्या को गंभीरता से लेते हुए आश्वासन दिया कि वे चुने हुए जनप्रतिनिधियों के सम्मान की रक्षा के लिए हर संभव कार्रवाई करेंगे। इसके लिए सरकार की ओर से जल्द संबंधित अधिकारियों को निर्देश जारी किए जाएंगे।
विपक्षी इनेलो विधायक बोले- वे सरकार से प्रभावित
इनेलो विधायक अभय सिंह चौटाला विधानसभा अध्यक्ष की ओर से आयोजित वीसी में शामिल नहीं हो सके। उन्होंने कहा कि विधायकों के सम्मान के लिए सरकार की गंभीरता से प्रभावित हैं।