गेहूं का भुगतान उठान तीसरे व चौथे दिन में हो रहा, अब तक 73 लाख मीट्रिक टन गेंहू की खरीदी : दुष्यंत

  • 5081 मीट्रिक टन से अधिक चने की खरीद की जा चुकी है
  • आठ लाख से अधिक मीट्रिक टन सरसों की रिकॉर्ड खरीद संभव हो सकी है।

पानीपत. डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने कहा है कि ज्यों-ज्यों मंडियों से खरीद की गई गेहूं का उठान गोदामों के लिए होता है त्यों-त्यों किसानों व आढ़तियों दोनों की राशियों का भुगतान उठान के तीसरे या चौथे दिन हो जाता है। अब की बार किसान व आढ़ती की सहमति पर भुगतान की अदायगी पूल अकाउंट के माध्यम से करने की एक नई व्यवस्था की गई है। हरियाणा कृषि लागत एवं मूल्य आयोग की सिफारिशों पर केन्द्र सरकार की गेहूं, चना, जौ, धान, ज्वार, बाजरा तथा मक्का जैसे खाद्यान्नों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य योजना को अक्षरश: लागू करने वाला राज्य है।राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन के बावजूद सरकार द्वारा सरसों व गेहूं की खरीद प्रक्रिया की व्यवस्थित तरीके से की जा रही मॉनिटरिंग तथा निगरानी के फलस्वरूप ही कल तक 73 लाख मीट्रिक टन से अधिक गेहूं और आठ लाख से अधिक मीट्रिक टन सरसों की रिकॉर्ड खरीद संभव हो सकी है।

5081 मीट्रिक टन से अधिक चने की खरीद की जा चुकी है। किसान को उसकी गेहूं की फसल की खरीद का भुगतान तथा आढ़ती को उसकी ढाई प्रतिशत आढ़त का भुगतान साथ-साथ हो, इसके लिए 22000 करोड़ रुपए का कैश क्रेडिट का प्रबंध पहले ही किया जा चुका है। गेहूं के लिए इस बार मंडियों की संख्या जो आरंभ में 389 थी, इसमें 1507 नए अतिरिक्त केंद्र जोड़कर 1895 किया गया है।