सीबीएसई स्कूल संचालकों ने अभिभावकों से कहा-फीस जमा कराएं

बहादुरगढ़. झज्जर के सीबीएसई विद्यालय समूह की बैठक सहोदय झज्जर के प्रधान रमेश रोहिला की अध्यक्षता में जूम मीटिंग का आयोजन किया गया। इसमें झज्जर जिले के बीस से अधिक निजी विद्यालयों के डायरेक्टर व प्रिंसिपल ने भाग लिया। लॉकडाउन के दौरान बच्चों की पढ़ाई सुचारू रूप से चलती रहे।

निरंतर चल रही ऑनलाइन क्लासेज और बच्चों की भलाई के लिए सिस्टम को अधिक अपडेट व आधुनिक बनाने के नए-नए तरीकों के बारे में विशेष चर्चा की गई। अध्यक्ष ने कहा कि लॉकडाउन की आपात स्थिति में जिले के प्राइवेट स्कूल अभिभावकों के साथ हैं। हम सरकारी आदेशों की पालना करते हुए किसी भी सूरत में पढ़ाई का नुकसान नहीं होने देंगे। स्थिति सुधरने पर तीज-त्योहार, होली-दीवाली के दौरान भी यदि विद्यालय लगाकर अतिरिक्त कक्षाएं लगानी पड़ी तो हम पीछे नहीं हटेंगे और पाठ्यक्रम को समय पर पूरा करवाने का प्रयास करेंगे। हम और हमारी टीम व प्राइवेट स्कूल के सभी कर्मचारियों के लिए बच्चों का हित सदैव सर्वोपरि हैं। सभी संचालकों ने अभिभावकों से आग्रह किया व सरल भाषा में कहा कि आप हमारे, हम आपके हैं। आप इस संकट की घड़ी में स्कूल फीस जमा करवाकर मेहनती अध्यापकों, कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाएं। मीटिंग में अभिभावकों व बच्चों सहित सभी के स्वास्थ्य की मंगल कामना की गई और सभी से निवेदन किया गया कि वे सरकारी आदेशों का पालन करें, सोशल डिस्टेंसिंग को ध्यान में रखें, घर रहें, सुरक्षित रहें,अपने मनोबल से कोराेना को हराने में एक दूसरे का सहयोग करें। शिक्षा का पुनीत कार्य कभी रुकना नहीं चाहिए क्योंकि शिक्षा से ही जीवन का विकास संभव है। जूम मीटिंग में जितेंद्र लाठर, जयदेव, जगपाल, कुलदीप, आर्य, शर्मिला दहिया मैम, मिस्टर पूनिया, वीएन झा सर, बलराज फौगाट, प्रवीण डागर, कृष्ण डागर आदि उपस्थित रहे।

अधिक परिश्रम कर रहे स्कूल टीचर : रोहिल्ला

मीटिंग के दौरान रमेश रोहिल्ला ने स्कूल संचालकों और प्रिंसिपल से कहा कि मैं आपको बताना चाहूंगा कि प्राइवेट स्कूल के अध्यापक लॉकडाउन के दौरान विद्यालय से अधिक परिश्रम कर, आधुनिक संसाधनों के साथ नवीनतम शिक्षा प्रणाली को अपनाकर, अपने सारे निजी कार्य छोड़कर बच्चों के भविष्य को संवारने में लगे हुए हैं। उन्होंने इस कार्य के लिए अभिभावकों के सहयोग, बच्चों की रुचि और अध्यापकों की मेहनत की सराहना की। मीटिंग में चर्चा के दौरान शिक्षा मंत्री का आभार प्रकट किया गया, जिन्होंने अखबार व टीवी के माध्यम से अभिभावकों से स्कूल फीस जमा करवाने की अपील की।