हार्ट प्रॉब्लम की शिकायत पर पीजीआई में दाखिल हुई गांगोली गांव की महिला मिली कोरोना पॉजिटिव

  • जिले में लगातार तीसरे दिन भी मिला कोरोना पॉजिटिव केस, अब संख्या बढ़कर हुई 23, एक्टिव केस हुए 4
  • इधर, कोरोना पाॅजिटिव पेगां निवासी रामकुमार के शव को बेटा, दो भतीजे व साले ने ही एंबुलेंस से उतारकर चिता तक पहुंचाया

जींद. जिला में कोरोना संक्रमण का खतरा बढ़ता ही जा रहा है। लगातार तीसरे दिन गुरुवार को जिले में एक कोरोना पॉजिटिव केस सामने आया है। गांगोली गांव की 60 वर्षीय विधवा महिला की गुरुवार को कोरोना टेस्ट सैंपल रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। पीजीआई खानपुर में बुधवार को ही महिला का कोरोना टेस्ट सैंपल लिया गया था। पॉजिटिव रिपोर्ट आने के बाद पीजीआई की ओर से जिला स्वास्थ्य विभाग को इसके बारे में अवगत कराया गया। पॉजिटिव रिपोर्ट की सूचना मिलने के बाद जिला स्वास्थ्य विभाग की टीम ने महिला के संपर्क में कौन-कौन लोग आए अब इसकी ट्रैकिंग शुरू कर दी है। ताकि समय रहते उसके संपर्क में आने वाले लोगों की सैंपलिंग की जा सके और कोरोना के चेन को तोड़ा जा सके।

वहीं पेगां गांव के कैंसर पीड़ित व कोरोना पॉजिटिव रामकुमार के शव का गुरुवार शाम को गांव में प्रशासनिक अधिकारियों की देखरेख में अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस दौरान शव को अग्रोहा मेडिकल काॅलेज से सीधे श्मशान घाट लाया गया। कोरोना का संक्रमण न हो इसको लेकर शव को उठाने वाले परिजनों ने पीपीई किट डाली हुई थी और पूरी सावधानी बरती गई।
स्वास्थ्य विभाग की जांच में सामने आया है कि गांगोली गांव की विधवा महिला को करीब 5 दिन पहले हार्ट में दिक्कत हुई थी। इसके बाद परिजन उसे उपचार के लिए पीजीआई खानुपर लेकर गए। पिछले 5 दिनों से महिला का पीजीआई में ही उपचार चल रहा है। बुधवार को उसका कोरोना टेस्ट सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा गया था। जांच में यह भी सामने आया है कि 30 अप्रैल को महिला झज्जर में रिश्तेदारी में हुई मौत पर शोक जताने के लिए गई थी। इस दौरान रात भर वह वहीं रूकी। इसके अलावा महिला किसी बाहरी व्यक्ति के संपर्क में नहीं आई।

जिला में पिछले कई दिनों से कोरोना पॉजिटिव केसों की संख्या में निरंतर बढ़ोतरी हो रही है। गुरुवार को जिला में पॉजिटिव केसों की संख्या 23 पहुंच गई। इनमें से 4 एक्टिव केस हैं। जिनमें से 3 का पीजीआई रोहतक और एक का खानपुर मेडिकल काॅलेज में उपचार चल रहा है। जबकि 18 व्यक्ति कोरोना को मात देकर घर आ चुके हैं और एक व्यक्ति पेगां निवासी रामकुमार की बुधवार देर रात को मौत हो गई थी। इस दौरान एसडीएम राजेश कोथ से लेकर कई प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों ने पीपीई किट डाली हुई थी। एंबुलेंस के श्मशान पहुंचने के बाद मृतक का बेटा, दो भतीजे व साले ने ही डेडबॉडी को एंबुलेंस से उतारकर चिता तक पहुंचाया। मृतक की पत्नी व बेटी भी इस दौरान श्मशान तो तो पहुंची लेकिन उनको शव के नजदीक नहीं लाया गया। वे दूर खड़ी होकर ही रोती रही। एंबुलेंस से शव को उतारने के बाद उसे सेनिटाइज किया गया।

जींद निवासी एक युवक इंडोनेशिया से जींद पहुुंचा। शांति नगर निवासी विकास इंडोनेशिया में मर्चेंट नेवी में काम करता है। वह गुरुवार अल सुबह जींद पहुंचा, जहां से उन्हें नागरिक अस्पताल जांच के लिए ले जाया गया, लेकिन ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों ने मेडिकल जांच दिन में करने के लिए कहा। इसके बाद गुरुवार दिन में उसकी मेडिकल जांच करवाई गई। इसके बाद युवक को सफीदों रोड स्थित निजी होटल में ठहराया गया है। अब तक विदेश से जींद के कुल 3 लोग वापस आ चुके हैं। इसके अलावा फरीदाबाद व गुरुग्राम में लगभग 15 लोग रुके हुए हैं।