जिनिंग मिल में लगी आग पर 24 घंटे बाद भी नहीं पाया जा सका काबू, सुलगती कपास पर दिनभर पानी डालते रहे दमकल कर्मी

भिवानी. बापोड़ा के पास बुधवार शाम को एक जिनिंग मिल में लगी आग पर 24 घंटे बाद भी पूरी तरह से काबू नहीं पाया जा सका था। गुरुवार सुबह नौ बजे दमकल की दो गाड़ियां मौके पर पहुंची और फिर से आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया गया लेकिन गाड़ियां शाम चार बजे तक वापस भिवानी दमकल विभाग में नहीं पहुंची थी। फायर ब्रिगेड वाहनों में पानी भरने के लिए आसपास ही पानी की व्यवस्था की गई है।

जिनिंग मिल में बुधवार शाम चार बजे आग लगी थी। जिसमें एक मशीन ऑपेरटर भी झुलस गया था। सूचना मिलते ही दमकल कर्मी मौके पर पहुंचे और आसपास के 30 ज्यादा लोगों की मदद से मिल में लगी आग पर काबू पानी का प्रयास शुरू किया गया। शाम सात बजे तक 11 दमकल की गाड़ियां आग पर काबू नहीं पा सकी थी। रात को लगभग 10 बजे दमकल की 18 गाड़ियों ने आग पर काबू पाया लेकिन सुबह फिर से जली हुई कपास से धुंआ उठना शुरू हो गया। फैक्ट्री संचालक ने इसकी सूचना फायर ब्रिगेड विभाग को दी। दो दमकल गाड़ियां सुबह नौ बजे मौके पर पहुंची और कपास में सुलगी आग को बुझाने का काम फिर से शुरू किया। गुरुवार शाम चार बजे तक दमकल की दो गाड़ियां आग बुझाने के कार्य में लगी हुई थी। दमकल गाड़ियों को पानी के लिए बार बार सात किलो मीटर दूर भिवानी न आना पड़े इसके लिए मिल के आसपास ही ट्यूबवेल से गाड़ियों के लिए पानी की व्यवस्था की गई थी। दमकल कर्मी कपास में उठते धुंए पर पानी डालकर सुलगी हुई आग को बुझाते लेकिन कुछ समय फिर से अन्य स्थान से धुंआ उठने लगता। इस तरह से दमकल कर्मी शाम चार बजे तक आग को बुझाते रहे लेकिन पूरी तरह से आग नहीं बुझ पाई थी।

आग लगने से कपास और बिनौले के साथ मशीनें भी जल गईं

मिल में आग लगने से कपास व अन्य सामान के अलावा मशीनें भी जल गई है। अभी तक मिल में लगी आग से मालिक को कितना नुकसान हुआ है। इसका आंकलन नहीं लगाया जा सका है लेकिन आशंका जताई जा रही हैं कि तीन करोड़ से अधिक राशि का नुकसान हो सकता है। मिल में आग शार्ट सर्किट से लगी या किसी अन्य कारण से यह अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है। मिल मालिक पवन शर्मा ने बताया कि मिल में गुरुवार को भी कपास में आग फिर सुलग गई थी। दमकल की गाड़ियां आग पर काबू पाने का प्रयास रही है। अभी कुछ नहीं कहा जा सकता है कि कितना नुकसान हुआ है।