3 सरपंच, 4 बैंक मैनेजर और 9 फर्म संचालकों की गिरफ्तारी को 4 टीमें गठित, मुरथल पुलिस ने रिकवरी कर 42.84 लाख ट्रेजरी में जमा कराए

  • हसनपुर, टिकौला व कामी गांव के फरार सरपंचों को पकड़ने में लगी है दो थानों की पुलिस व एसआईटी की टीम

सोनीपत. बीडीपीओ कार्यालय मुरथल के तीन गांवों के सरपंच, 4 बैंक मैनेजर व 9 फर्म संचालकों को गिरफ्तार करने के लिए चार टीम गठित की गई है। इसमें एक टीम एसआईटी की है। एसआईटी की टीम ने बुधवार को हसनपुर व टिकौला गांव में दबिश दी, लेकिन सरपंच के मकान पर कोई नही मिला। मुरथल थाना की टीम ने एसआई देवेंद्र दहिया के अगुवाई में टिकौला गांव में दबिश दी, लेकिन यहां भी उन्हें सरपंच सुमन देवी नही मिली। सदर थाना की पुलिस लगातार कामी के सरपंच वेदपाल की गिरफ्तारी का प्रयास कर रही है। उधर, एसआईटी की टीम भी लगातार बैंक मैनेजर व फर्म संचालकों की गिरफ्तारी का प्रयास कर रही है। बुधवार को मुरथल थाना पुलिस ने मलिक इंटरप्राइजेज व साइन इंटरप्राइजेज के संचालकों से बरामद किए गए करीब 42 लाख 84 हजार रुपए ट्रेजरी में जमा करा दिए हैं। पुलिस की टीम अभी और रिकवरी का प्रयास कर रही है।

कामी गांव में कार्यवाहक सरपंच बनाने की तैयारी शुरू

: कामी ग्राम पंचायत का भी घोटाला सामने आया था। कामी गांव के सरपंच वेदपाल ने गबन की राशि 12 लाख 46 हजार रुपए वापस पंचायत के खाते में जमा करा दी थी। कामी गांव के सरपंच ने भी बीडीपीओ मुरथल को अपना पक्ष रखते हुए मृतक ग्राम सचिव सुरजीत को ही दोषी बताया था। इस मामले में पूर्व डीसी डॉ. अशंज सिंह के अादेश पर ग्राम सचिव ने सोनीपत के सदर थाना में सरपंच, मृतक ग्राम सचिव, दो बैंकों के मैनेजर व फर्म संचालकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। सरपंच वेदपाल को सस्पेंड किया गया था। अब वेदपाल की जगह बहुमत वाले पंच को गांव का कार्यवाहक सरपंच चुना जाएगा।

सरपंच पर कार्रवाई के लिए डीसी को लिखा पत्र :

पीपली खेड़ा गांव की पंचायत से भी ब्लैकलिस्ट हुई फर्म को 70 लाख 76 हजार 300 रुपए ट्रांसफर हुए हैं। पीपली खेड़ा की पंचायत से एफएफसी व न्यू स्कीम के पैसे निकाले गए थे। पीपली खेड़ा के सरपंच को बीडीपीओ कार्यालय मुरथल की तरफ से नोटिस िदए गए हैं। अभी तक सरपंच ने न तो पैसे जमा कराए हैं और न ही वह नोटिस का कोई जवाब दे रहा है। बीडीपीओ कार्यालय की तरफ से सरपंच के खिलाफ विभागीय व कानूनी कार्रवाई कराने के लिए डीसी को पत्र भेजा गया है।

हसनपुर गांव की पंचायत से 1 करोड़ 67 लाख व टिकाैला गांव की पंचायत से 45 लाख 19 हजार रुपए व कामी गांव में 12 लाख 46 हजार रुपए का घोटाला होने की पुष्टि हुई थी। हसनपुर गांव के सरपंच जयनारायण व टिकौला की सरपंच सुमन के खिलाफ मुरथल थाना में मुकदमा दर्ज हुआ था। कामी गांव के सरपंच के खिलाफ सदर थाना में मुकदमा दर्ज हुआ था। तीनों सरपंच फरार हैं। मुरथल व सदर थाना की पुलिस तीनों सरपंचों को गिरफ्तार करने का प्रयास कर रही है। पुलिस की टीम लगातार दबिश दे रही है। अब इस मामले में एसआईटी की टीम भी गठित की गई है।

अब तक तीन ग्राम पंचायतों में सामने आ चुका है दो करोड़ 14 लाख रुपए से ज्यादा का घोटाला, हो रही जांच

हसनपुर के सरपंच जयनारायण, ग्राम सचिव मृतक सुरजीत, आईडीबीआई बैंक धतूरी के मैनेजर दीपक, फ्रेंडस फीलिंग स्टेशन, मलिक इंटरप्राइजेज, ओम आंतिल बिल्डिंग मेटिरियल सप्लायर, चिंरजीलाल सेल्स, सौरभ कंट्रक्शन, गंगा इंटरप्राइजेज, साइन इंटरप्राइजेज, श्रीबालाजी इंटरप्राइजेज, शिव ट्रेडिंग कंपनी, व नेशनल सम्र्सीबल पंप, राणा इंटरप्राइजेज गन्नौर के दो बैंक मैनेजर के खिलाफ अमानत में खयानत व धोखाधड़ी के तहत मुकदमा दर्ज किया था। इस मामले में दो आरोपी अटायल गांव निवासी सुरेंद्र व हुल्लाहेड़ी निवासी संजीव उर्फ बंटी पुत्र कप्तान को गिरफ्तार हो चुके हैं।

^ पुलिस ने दो फर्म संचालकों से 42 लाख 84 हजार रुपए की रिकवरी की थी। इस रिकवरी में ट्रेजरी में जमा कराया गया है। आरोपी सरपंचों व फर्म संचालकों को गिरफ्तार करने के लिए 4 टीम लगातार दबिश दे रही है। -देवेंद्र सिंह दहिया, जांच अधिकारी थाना मुरथल।