15 लाख की उधारी चुकाने के लिए संपत्ति बेचना चाहता था बेटा, मां के मना करने पर की थी हत्या

रोहतक. सांपला के देव नगर निवासी रामप्यारी की मौत की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। रामप्यारी पर 13-14 मई की रात वजनदार हथियार से अज्ञात व्यक्ति ने हमला किया था। उन्हें इलाज के लिए पहले सीएससी में दाखिल कराया गया। वहां से उन्हें पीजीआई में रेफर कर दिया गया। पुलिस पहले से ही शरीर पर लगे चोट के निशान को संदिग्ध मान रही थी। 15 मई को इलाज के दौरान रामप्यारी की मौत हो गई थी। पुलिस ने मृतका की बेटी सोनिया की शिकायत पर अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया था। पुलिस ने रामप्यारी के हत्या के आरोप में महिला के ही मंझले बेटे करीब 40 वर्षीय सोनू को गिरफ्तार किया था। जांच में सामने आया कि सोनू ने ही ननिहाल की संपत्ति में हिस्सा न देने पर ही हत्या की थी। कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस आरोपी को गिरफ्तार कर सकी।
पुलिस रिमांड के दौरान हत्यारोपी सोनू ने कबूला कि 15 लाख रुपए का कर्ज हो चुका था। इसी कर्ज को उतारने के लिए वह बार-बार अपनी मां रामप्यारी से ननिहाल की संपत्ति में अपना हिस्सा मांग रहा था, लेकिन मां ननिहाल की संपत्ति में कोई हिस्सा देने को तैयार नहीं हुई जबकि लगातार उस पर कर्ज वापस करने का दबाव बढ़ता जा रहा था। 13-14 मई की रात करीब डेढ़ बजे वह टिकरी बॉर्डर से स्कूटी पर सवार होकर देव नगर पहुंचा। इसके बाद मां से संपत्ति देने की बात कही। लेकिन मां ने एक बार फिर संपति देने से मना कर दिया। इसी के चलते लोहे की रॉड से मां पर हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया।
कई थ्योरी बताई, कॉल डिटेल से पकड़ा
सांपला चौकी प्रभारी सुभाष का कहना है कि आरोपी ने लगातार बढ़ रहे कर्ज को चुकाने के लिए ननिहाल की संपत्ति में अपना हिस्सा मांगा था। जिसे देने से मृतका रामप्यारी ने मना कर दिया। वारदात के बाद आरोपी गिझी भी गया। लेकिन वहां से तत्काल वापस टिकरी बॉर्डर के लिए चला गया। हालांकि आरोपी ने पुलिस को गुमराह करने के लिए कई थ्योरी बताई। कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस आरोपी को गिरफ्तार कर सकी।