श्रम कानूनों में हुए बदलाव का किया विरोध, मजदूर संघ ने राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन

रेवाड़ी. भारतीय मजदूर संघ की जिला इकाई की ओर से सोमवार को जिलाध्यक्ष सावंत सिंह की अगुवाई में लॉकडाउन की पालना करते हुए तीन प्रतिनिधियों ने उपायुक्त कार्यालय में राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।
जिला कोषाध्यक्ष यशपाल यादव व महामंत्री सूरजमल ने बताया कि राष्ट्रपति के नाम सौंपे ज्ञापन में मुख्यत: इस बात की मांग की गई है कि इस वैश्विक महामारी की आड़ लेकर यूपी, राजस्थान, महाराष्ट्र, गोवा, बिहार सहित अन्य सरकारों द्वारा जो काम का समय बढ़ाया गया है वह पूरी तरह से गलत है। इस कानून को तुरंत वापस लेकर काम के समय केवल 8 घंटे ही रखे।
इसके अतिरिक्त गुजरात, मध्यप्रदेश व उत्तरप्रदेश सरकार ने जो श्रम कानूनों को तीन साल के लिए रद्द कर दिया गया है उनकी तुरंत बहाली की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि आज के इस अस्थिरता के माहौल पूरी तरह से श्रमिकों के साथ धोखा है। केंद्र सरकार की तरफ से विभिन्न योजनाओं के माध्यम से करोड़ों रुपए के बजट के साथ श्रमिकों के उत्थान के लिए कई योजनाएं प्रारंभ की है जो कि काबिले तारीफ है लेकिन राज्य सरकार की तरफ से उठाया गया कदम बिल्कुल गलत है।
अप्रैल माह का वेतन नहीं मिलने पर जताया ऐतराज
ज्ञापन में काफी इकाइयों द्वारा अप्रैल माह का वेतन नहीं दिए जाने को लेकर भी चिंता जताते हुए इसके लिए सरकार के आदेशों की पालना सुनिश्चित की जाए। श्रमिकों को आने-जाने या काम स्थल पर भोजन व आवास की सुविधा प्रदान की जाए।