शहीद राज सिंह को 8 साल के बेटे ने दी मुखाग्नि, बोला- बड़ा होकर करूंगा देश सेवा

गुरुग्राम. शहीद के बेटे ने नम आंखों से कहा बड़ा होकर करूंगा देश की सेवा. यह हृदय विदारक बात शहीद राज सिंह सिंह खटाना के 8 वर्षीय बेटे ने अपने पिता को मुखाग्नि देते समय कही. शहीद पिता के शव को देखकर परिवार बिलख बिलख कर रोया. शहीद का शव गांव में पहुंचते ही चारों तरफ राज सिंह खटाना अमर रहे के नारे लगे. शहीद के परिवार मे शोक की लहर थी. वहीं आज भी हौसला पूरी तरह से बुलंद था. परिवार को बेटे की इस शहाद पर नाज था.

बता दें कि राज सिंह खटाना शनिवार को आतंकवादियों से लोहा लेते समय श्रीनगर के डोडा जिले में शहीद हो गए थे. शहीद राज सिंह के पार्थिव शरीर को सोमवार को उनके पैतृक गांव दमदमा लाया गया. जहां पर नम आंखों से लोगों ने उन्हें अंतिम विदाई दी. इस मौके पर पूरी तरह से प्रशासनिक अमला मौजूद था. शहीद का पार्थिव शरीर गांव दमदमा में पहुंचते ही समस्त गांववासियों की आंखें नम हो गई और शहीद की शहादत के नारे युवाओं ने लगाने शुरू कर दिए. गांव से पार्थिव शरीर को शहीद के घर पर ले जाया गया. शहीद की पत्नी और परिवार वालों ने पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन किए. उसके पश्चात पार्थिव शरीर को शहादत के नारों के बीच गांव के स्वर्ग आश्रम में ले जाया गया. जहां पर राजपूत रेजीमेंट के जवानों ने अंतिम सलामी दी. शहीद राज सिंह खटाना साल 2011 में 5 राजपूत रेजीमेंट 10 में भर्ती हुए थे. उनके पिता गजराज सिंह भी फौज में ही थे व उनके चाचा कैलाश भी फौज में थे. शहीद का पूरा ही परिवार फौज में रहा. शहीद के परिवार मे देशभक्ति की भावना कूट-कूट कर भरी हुई है. शहीद के तीन बच्चे हैं. बड़ा बेटा 8 साल का ऋषभ है. शहीद हमेशा अपने बच्चों को देशभक्ति की भावना से प्रेरित करते रहते थे.