पंजाब से यूपी छोड़ने को 90 प्रवासी मजदूरों से 2500 रु. प्रति व्यक्ति किराया ले करनाल छोड़ा

  • प्रवासी मजदूरों की मजबूरी का फायदा उठा रहे वाहन संचालक, अब शेल्टर होम में भेजे सभी पीड़ित

पानीपत. प्रवासी मजदूरों की मजबूरी का फायदा उठाने से वाहन संचालक बाज नहीं आ रहे हैं। करनाल में एक केस सामने आया है कि पंजाब के गोबिंद मंडी से करीब 90 मजदूरों को लेकर यूपी के गोरखपुर तक छोड़ने के 2500-2500 रुपए ऐंठे गए हैं। इनसे करीब 2 लाख 25 हजार रुपए की उगाही करके करनाल के मेरठ रोड पर छोड़कर गाड़ी चालक रफूचक्कर हो गया। मजदूरों ने उन गाड़ियों का नंबर पुलिस को दिया और उनकी इसकी शिकायत कर दी है। सदर थाना पुलिस ने गाड़ी नंबर के हिसाब से उनके संचालक, चालक सहित जिन्होंने पैसे लिए या दिलवाए हैं, उन सभी पर लॉकडाउन, धारा 144 की उल्लंघन करने का मामला दर्ज किया है। इन मजदूरों को करनाल में शेल्टर होम में ठहरा रखा है।

सदर थाना पुलिस ने पैसे दिलवाकर गाड़ी संचालक व चालकों पर किया केस दर्ज
गांव चांद पुलिया, जिला डबरिया यूपी के चंदन कुमार यादव ने शिकायत दी कि हम करीब 90 व्यक्ति गोबिंद मंडी में रह रहे थे। वहां पर करियाने की दुकान संचालक संदीप गुप्ता, उसके भाई सोनू गुप्ता ने हमारे को कहा कि तुम्हारे को गोरखपुर यूपी में भेज देंगे। प्रत्येक व्यक्ति से संदीप गुप्ता ने 2500-2500 रुपए ले लिए और हमारे को गाड़ी नंबर पीबी-11 सीटी -2886 ट्रक व दूसरी गाड़ी का नंबर पीबी 11 सीटी -1375 ट्रक में बैठा दियर। संदीप गुप्ता ने गाड़ी मालिकों से मिलीभगत करके हमारे को गोरखपुर का किराया लेकर मेरठ रोड पर गांव अंदेड़ा के पास उतार दिया। संदीप गुप्ता, सोनू गुप्ता, गाड़ी मालिकों व चालकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। करनाल सदर थाना के एसएचओ बलजीत सिंह ने कहा कि यूपी के चंदन कुमार यादव की शिकायत पर आरोपी संदीप गुप्ता, सोनू गुप्ता वासी गोबिंद मंडी पंजाब के खिलाफ केस दर्ज किया है। उन्होंने लाॅकडाउन, प्रदेश में लगी धारा 144 का उल्लंघन किया है। करीब 90 लेबर के मजदूरों से पैसे लेकर गाड़ियों में सवार उत्तर प्रदेश भेजने का अपराध किया है। सख्त कार्रवाई होगी।

हिसार में घर जाने की मांग को लेकर शेल्टर हाेम की छत पर चढ़े चार मजदूर, हंगामा

हिसार | बार-बार मांग करने के बावजूद पुलिस प्रशासन ने घर जाने की व्यवस्था नहीं की ताे शहर की विश्वकर्मा धर्मशाला में ठहरे झारखंड के चार श्रमिक शेल्टर हाेम की तीसरी मंजिल की छत पर जा चढ़े। खूब हंगामा किया। श्रमिकों ने जल्द घर नहीं पहुंचाने पर छत से कूदकर आत्महत्या की धमकी दी। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पहंुचे। किसी तरह श्रमिकों काने समझाया गया। पुलिस ने अपनी गाड़ी से 9 श्रमिकों काे दिल्ली भिजवाया गया।
दरअसल, हिसार में अभी भी यूपी, बिहार, मध्य प्रदेश के श्रमिकों का पैदल ही अपने घराें काने जाने का क्रम जारी है। श्रमिकों का कहना है कि राशन खत्म हाे चुका है, जबकि घर में भी परिवार के सदस्य बीमार हैं, जिसके कारण अब वह घर जाना चाहते हैं। श्रमिकों के ठहरने के लिए विश्वकर्मा धर्मशाला, ब्राह्मण धर्मशाला और सत्संग भवन में यूपी, बिहार, मध्य प्रदेश और झारखंड के श्रमिकों काने ठहराया गया है। विश्वकर्मा धर्मशाला में शनिवार देर रात खाना खाने के बाद झारखंड केगिरडी के श्रमिक सूरज गाेस्वामी व उसके तीन साथियाें ने शेल्टर हाेम की तीसरी मंजिल पर चढ़कर हंगामा करना शुरू कर दिया। चाराें आत्महत्या करने की धमकी दे रहे थे।