अस्थल बोहर मठ में नहीं तोड़ा कोई पुराना भवन व समाधि : बालकनाथ योगी

रोहतक. अस्थल बोहर मठ के महंत व सांसद बाबा बालकनाथ योगी ने कहा कि नाथ संप्रदाय जाति, पंथ, धर्म, परंपरा के आधार पर भेदभाव नहीं करता है। बल्कि सभी को समान भाव से देखता तथा दीक्षित करता है। इस मठ में जाति, पंथ, धर्म के आधार पर किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं है और न ही भूतकाल और वर्तमान में है। भविष्य में भी ऐसा नहीं होगा। यहां पर सभी लोगों की धार्मिक आस्था का सम्मान होता है। क्योंकि यही नाथ संप्रदाय का मूल मंत्र है। पूरे मानव समाज को संगठित कर, पूरी मानवता एवं प्रकृति के कल्याण के लिए सतत कार्य करना अस्थल बोहर मठ का उत्तम लक्ष्य है। इसके बाद भी गत दिनों बाबा मस्तनाथ मठ के बारे में जातिगत आरोप व जनमानस की आस्था पर ठेस पहुंचाने के बारे में अफवाहें उड़ी। उन्होंने कहा कि मठ में किसी भी पुराने भवन व समाधि को नहीं तोड़ा गया।।मठ परिसर का जीर्णोद्धार कार्य 10 वर्षों से चल रहा है। यहां स्थापित ऐसे सभी समाधि स्थलों का मठ मंदिर की रूपरेखा के अनुसार यथा समय नव निर्माण कार्य किया जाएगा। जल्दी ही यह प्रोजेक्ट पूर्ण होगा।