भोगपुर में पकड़ी शराब में बराड़ा एरिया के शराब ठेकेदार की मिल रही मिलीभगत

  • अब तक इस मामले में चार आरोपी गिरफ्तार हो चुके, पकड़े गए दो आरोपी शराब ठेकेदार के साथ करते हैं काम
  • रादौर पुलिस ने 205 पेटी अवैध शराब का केस दर्ज किया हुआ है, 300 पेटी मौके पर बताई जा रहीं

यमुनानगर. गांव भोगपुर में पकड़ी गई अवैध शराब के मामले में बराड़ा एरिया के एक शराब ठेकेदार का नाम आ रहा है। पुलिस को उसकी तलाश में जुटी है। कहा जा रहा है कि सरकार से शराब बेचने का लाइसेंस लेकर ठेकेदार वैध लाइसेंस की आड़ में अवैध शराब का धंधा कर रहा था। पुलिस ने अब तक भोगपुर के जिन चार लोगों को पकड़ा है उसमें से दो लोग बराड़ा में ही शराब ठेकेदार के साथ काम करते हैं। ये लोग उसी के माध्यम से यहां पर शराब लेकर आए थे। वहीं पुलिस भी यह कह रही है कि बराड़ा एरिया से जिन लोगों ने शराब सप्लाई की थी, उनके पकड़े जाने के बाद इसमें खुलासा हो पाएगा कि यह शराब कहां बनी और कहां से लेकर आए थे। बता दें इस शराब पर कोई मार्का नहीं है। इससे यह शराब नकली बताई जा रही है। इस मामले में सीआईए वन की टीम जांच कर रही है।
अवैध खुर्दों पर बेची जानी थी शराब| लॉक डाउन में जब शराब के ठेके बंद थे, तब यह शराब सप्लाई की जा रही थी। सीआईए वन की जांच में यह क्लियर हो गया है कि यह शराब बराड़ा से गांव भोगपुर में आई है। इसके साथ ही रादौर एरिया के कुछ शराब ठेकेदार बताते हैं कि यह शराब किसी ठेके पर सप्लाई नहीं होनी थी। इसे ये लोग अवैध खुर्दों पर बेचते हैं। क्योंकि लॉक डाउन में शराब के ठेके बंद होने से शराब की डिमांड बंद नहीं हुई थी। यह शराब अवैध तरीके से मनमाने रेट पर बेची जानी थी।
इस मामले में चार पुलिस वालों पर गिर चुकी है गाज
30 अप्रैल को खेड़ी लक्खा सिंह चौकी पुलिस ने भोगपुर में खेतों से एक ट्रैक्टर-ट्रॉली से शराब पकड़ी थी। पुलिस ने रिकाॅर्ड में 205 पेटी शराब की पकड़ना दिखाया। इस मामले में पुलिस ने भोगपुर के दो लोगों को नामजद करते हुए केस दर्ज किया था। इसी दौरान बरामद शराब की मात्रा को लेकर विवाद हो गया। ग्रामीणाें ने कहा कि शराब की पेटियां 205 नहीं 300 थी। इस पर जांच हुई तो चार पुलिस कर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया। इसके साथ ही केस को रादौर थाने से सीआईए वन को ट्रांसफर कर दिया गया था।