आर्थिक सहायता की मांग को लेकर कल प्रदर्शन करेंगे जरूरतमंद लोग

डबवाली. शहरों में रहने वाले निर्माण मजदूर फैक्ट्री मजदूर, खुली दिहाड़ीदार, रेहड़ी मजदूर, रिक्शा-ऑटो रिक्शा चालक, घरों में झाड़ू पोचा लगाने वाली वर्कर, दुकानों पर काम करने वाले वर्कर आदि तमाम जरूरतमंद मजदूर अपनी गली में, अपने घर पर, गली में उचित दूरी बनाते हुए 15 मिनट खड़े होकर मांगों के पोस्टर-चार्ट लहराते हुए विरोध स्वरूप नारेबाजी करेंगे।
सीटू जिला अध्यक्ष कृपा शंकर त्रिपाठी व सचिव विजय ढूकड़ा ने कहा कि जब से लॉकडाउन हुआ है, तब से मजदूरों और मेहनतकश लोगों के हालात बेहद खराब है। लॉकडाउन को 50 दिन से ज्यादा हो चुके हैं लेकिन सरकार लाखों मजदूरों और गरीब लोगों को राशन पहुंचाने व उनकी आर्थिक मदद करने में बिल्कुल नाकाम रही है। ऐसे हालात में गरीब लोगों के सामने भूखमरी की नौबत आ चुकी है। सीटू नेताओं ने कहा कि 3 मई को मुख्यमंत्री से हुई वार्ता में इन मजदूरों को राहत देने की मांग को उठाया था। लेकिन सरकार ने इस पर अभी तक कोई कदम नहीं उठाया। हरियाणा में अन्य राज्यों से आकर काम करने वाले मजदूर लॉकडाउन में फंसे हुए हैं। जिनके लिए न खाने की व्यवस्था है तो न उनको घर भेजने का पर्याप्त इंतजाम। विरोध स्वरूप 15 मई को तमाम शहरों में रहने वाले तमाम मजदूर व गरीब लोग विरोध कार्रवाई करेंगे।
इस आयोजन में फैक्ट्री मजदूर, निर्माण मजदूर, रेहड़ी रिक्शा व ऑटो रिक्शा चालक, घरों में झाड़ू पोछा करने वाली महिला मजदूरों समेत सभी संगठित असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले मजदूरों से सीटू आह्वान करती है कि इन अपने मुद्दों को लेकर अपनी अपनी कालोनियों में उचित शारीरिक दूरी के साथ अपनी आवाज बुलंद करेंगे।