शराब ठेकेदार भूपेंद्र ने खोले कई राज, हां मैंने लॉकडाउन में एसएचओ जसबीर के साथ मिल सील शराब को दिल्ली में बेचा : भूपेंद्र

  • पूछताछ में आरोपियों ने बतया लॉकडाउन में महंगी कीमत पर बेची शराब
  • एसआईटी ने भूपेंद्र को कोर्ट में पेश कर 4 दिन की रिमांग मांगी, खरखौदा के दो एसएचओ अरुण व जसबीर सस्पेंड

सोनीपत. खरखौदा के शराब घोटाले में कल तक खुद को निर्दोष बताने वाले ठेकादार भूपेंद्र ने राज खोला तो पूरी डिपार्टमेंट सकते में आ गया। खरखौदा के दो एसएचओ अरुण व जसबीर को सस्पेंड कर दिया गया। एसआईटी से भूपेंद्र ने बताया कि लॉकडाउन में दिल्ली व अन्य क्षेत्रों में शराब की मांग बढ़ने पर खरखौदा एसएचओ को मोटी रकम देकर यहां से शराब निकलवाया था।

एसआईटी ने भूपेंद्र को कोर्ट में पेश कर चार दिन के रिमांड पर लिया है। एसपी जश्नदीप सिंह रंधावा, ने बताया कि भूपेंद्र के शराब तस्करी का जाल हरियाणा, पंजाब में ही नहीं गुजरात, बिहार, दिल्ली, यूपी सहित कई राज्यो‌ं तक फैला है। उस पर 15 मामले दर्ज हैं। उसके 10 गोदामो‌ं का पता चला है। खरखौदा बाईपास पर भूपेंद्र ने मां के नाम से किराए पर गोदाम बना रखा है। फरवरी व मार्च 2019 में आबकारी व पुलिस ने यहां अवैध शराब पकड़ी थी और उसे वहीं सील करवा दिया था। 7 ट्रकों में पकड़ी गई और अदालत में चल रहे 14 मामलों की शराब भी यहीं रखवा दी गई।

ईडी व इनकम टैक्स को तस्कर की संपत्ति की जांच को लिखा
शराब तस्कर भूपेंद्र की संपत्ति की जांच के लिए एसपी रंधावा ने ईडी वह इनकम टैक्स को भी पत्र लिखकर जांच करने को कहा है। पुलिस को अंदेशा है आरोपी ने शराब तस्करी से करोड़ों रुपए की संपत्ति जोड़ी है। यह संपत्ति सोनीपत के साथ अन्य स्टेट में होने की संभावना जताई है। यह प्रयास इसलिए किया गया है ताकि उसकी संपत्ति की जांच हो और गड़बड़ी मिले तो संपत्ति को अटैच किया जा सके।

पंजाब से नकली शराब का भी खेल: भूपेंद्र ने बताया कि उसने पंजाब के राजपुरा में कई लोगों से सेटिंग कर रखी है, जहां से सस्ती शराब सोनीपत लाता है। यहां ब्रांडेड कंपनी के नकली लेवल लगाकर महंगे दामों पर बेचता है।

पहले 5500 पेटियां गायब मिली थीं: तस्करी की जानकारी पर मिलने पर एसपी ने डीएसपी हेडक्वार्टर जितेंद्र, हरेंद्र कुमार, डॉ. रवींद्र सिंह से जांच करवाई तो 5500 पेटियां गायब मिलीं थी। भूपेंद्र से कई और सच सामने आएंगे।