स्कूलों को प्रतिदिन के आवश्यक कार्यों के लिए प्रशासकीय कार्यालय खोलने की अनुमति

हिसार. उपायुक्त डॉ प्रियंका सोनी ने बताया कि निजी स्कूलों को न्यूनतम स्टाफ के साथ प्रतिदिन के अति आवश्यक कार्यों के लिए स्कूल के प्रशासकीय कार्यालय खोलने की अनुमति प्रदान की गई है। प्रधानाचार्य, कंप्यूटर ऑपरेटर, क्लर्क, चपरासी, माली व एक ड्राइवर स्कूल आ सकते हैं।

उन्होंने बताया कि हरियाणा के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी पत्र के अनुसार लॉकडाउन के दौरान निजी स्कूलों के समक्ष दिन-प्रतिदिन के आवश्यक कार्यों को पूरा करने के संबंध में आ रही कठिनाइयों के समाधान के लिए प्रदेश सरकार ने निजी स्कूलों को प्रशासकीय कार्यालय खोलने की अनुमति प्रदान की है। यह अनुमति स्कूल के नितांत आवश्यक कार्यों को संपन्न करने के मद्देनजर दी जा रही है। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा स्कूल के प्रशासकीय कार्यों को पूरा करने के लिए स्कूल के प्रधानाचार्य, एक कंप्यूटर ऑपरेटर, एक क्लर्क, एक चपरासी, एक माली और एक बस ड्राइवर को स्कूल आने की अनुमति दी गई है। लेकिन यहां यह भी स्पष्ट किया जाता है की 65 वर्ष से अधिक आयु के किसी कर्मचारी, गर्भवती महिला, अथवा गंभीर बीमारी से जूझ रहे किसी स्टाफ सदस्य को स्कूल आने की अनुमति नहीं है।

लॉकडाउन 4.0 में सरकारी स्कूलों को भी अनुमति
देश में लागू लॉकडाउन 4.0 का आज पहला दिन है. वहीं, हरियाणा सरकार ने स्कूलों को लेकर बड़ा फैसला किया है. राज्य सरकार ने कोविड-19 के नियंत्रण के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी मानदंडों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करते हुए सरकारी स्कूलों को तत्काल और अपरिहार्य प्रशासनिक कार्य करने की अनुमति देने का निर्णय लिया है.