लॉकडाउन के बाद भिवानी और दादरी में रह रहे प्रवासियों को पूर्णिया लेकर रवाना हुई श्रमिक ट्रेन

  • सोशल डिस्टेंस मेंटेन रखते हुए 1198 श्रमिकों को घर के लिए किया रवाना, ट्रेन रविवार को साढ़े 22 घंटे में पहुंचेगी पूर्णिया

भिवानी. भिवानी रेलवे स्टेशन से बिहार के श्रमिकों के लिए पहली स्पेशल ट्रेन शनिवार को 1198 प्रवासियों को लेकर सुबह साढ़े 11 बजे पूर्णिया बिहार के लिए रवाना हुई। बिहार के लिए रवाना हुई ट्रेन में कुल 1198 मजदूरों में से 486 मजदूर भिवानी जिला व 712 प्रवासी मजदूर चरखी दादरी जिला के थे। ट्रेन के चलने पर प्रवासी मजदूरों ने वापसी लौटने की खुशी हाथ हिलाकर जताई।
पुलिस प्रशासन व रेलवे अधिकारियों की ओर से बिहार जाने वाले ट्रेन को लेकर व्यापक तैयारियां की गई। स्टेशन पर आरपीएफ के अलावा हरियाणा पुलिस के जवान तैनात रहें। वहीं स्टेशन की ओर जाने वाले रास्तों पर नाके बनाकर बैरिकेड लगाए गए जिस पर पुलिस तैनात रही। स्टेशन की ओर जाने वाले मुख्य रास्ते पर वैश्य कॉलेज के पास, तोशाम रोड रेलवे ओवरब्रिज से नीचे उतरते हुए शहर की ओर, वैश्य कॉलेज के साथ वाली गली, सिविल अस्पताल के साथ से कृष्णा काॅलाेनी की ओर जाने वाले रास्ते और कृष्णा कॉलोनी से रेलवे स्टेशन की ओर जाने वाले मार्ग पर रेलवे पार्किंग से थोड़ा पहले बैरिकेड लगाए गए ताकि स्टेशन की ओर केवल स्पेशल ट्रेन में जाने वाले श्रमिकों को किसी प्रकार की ट्रैफिक या अन्य बाधा न हो और वे समय से सारी जरूरी जांच करवाकर ट्रेन में बैठ सकें। सोशल डिस्टेंस बनाने और सुरक्षा के लिए आरपीएफ, हरियाणा पुलिस के कर्मचारी तैनात रहे। आरपीएफ इंजार्च उषा निरंकारी ने बताया कि रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ के 37 जवान तैनात रहे।
डीसी अजय कुमार और एडीसी डॉ. मनोज कुमार अल सुबह रेलवे स्टेशन पर पहुंचे और सारी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान एसपी संगीता कालिया, एसडीएम महेश कुमार, डीएसपी वीरेंद्र सिंह, जिला राजस्व अधिकारी प्रमोद चहल, तहसीलदार मोहनलाल, स्टेशन अधीक्षक जीके गुप्ता, बीकानेर से आरपीएफ के डीएससी, आरपीएफ हिसार से एएससी, आरपीएफ थाना इंचार्ज उषा निरंकारी, डीआईओ पंकज बजाज, शिवतेज सिंह, अशोक कुमार सहित अनेक अधिकारी व कर्मचारी मौजूद थे।

जानिए… रेलवे स्टेशन का आंखों देखा हाल

भिवानी जंक्शन पर श्रमिक सुबह छह बजे से आने लगे थे। इन्हें बसों द्वारा भिवानी जंक्शन पर लाया गया। इसके बाद उनकी मुख्य गेट के पास ही सोशल डिस्टेंस को ध्यान में रखते हुए पंक्ति बनवाई गई। एंट्री गेट से पहले ही गुप्तचर विभाग के कर्मी लिस्ट में नाम का मिलान कर रहे थे। रेलवे स्टेशन के बाहरी गेट पर श्रमिक स्पेशल ट्रेन में सवार होने के लिए बिहार के श्रमिक स्टेशन पर पहुंचते हैं। रेलवे स्टेशन छावनी में तब्दील नजर आता है। यहां पर काफी संख्या में पुलिस तैनात की गई थी। कोविड-19 के नोडल ऑफिसर डॉ. राजेश कुमार अपनी पूरी टीम के साथ रेलवे स्टेशन पर मौजूद थे।

टिकटों पर लगाई पेड बाय हरियाणा गवर्नमेंट की मुहर

प्रवासी श्रमिकों को पूर्णिया के लिए रेलवे स्टेशन पर ही टिकट दी गई। प्रत्येक यात्री की टिकट पर पेड बाय हरियाणा गवर्नमेंट की मुहर लगाई। यानि प्रवासी मजदूरों के सफर का खर्च हरियाणा सरकार ने वहन किया है। भिवानी से पूर्णिया की कुल दूरी 1430 किलोमीटर है। वहीं प्रत्येक यात्री के टिकट का मूल्य 635 रुपये था।

श्रमिक स्पेशल में लगाईं 24 बोगी

श्रमिक स्पेशल ट्रेन में 1200 प्रवासियों को बिहार ले जाने का शेड्यूल था। निर्धारित शेड्यूल के तहत गाड़ी संख्या 04731 श्रमिक स्पेशल ट्रेन में 24 बोगी का रैक श्रीगंगानगर से भिवानी जंक्शन पर शनिवार अलसुबह 2 बजकर 35 मिनट पर पहुंचा। इस स्पेशल ट्रेन में 18 कोच सीएन, चार जीएस व दो एसएलआर सहित 24 बोगी व एक पॉवर हिसार से तुगलकाबाद शामिल रहे।

शकूर बस्ती तक ट्रेन ले गए लाेकाे पायलट

श्रमिक स्पेशल एक्सप्रेस ट्रेन का संचालन भिवानी जंक्शन से रनिंग स्टाफ शकूर बस्ती रेलवे स्टेशन तक किया। ट्रेन के लोको पायलट विनायक सक्सेना, सहायक लोको पायलट हेमंत कुमार, गार्ड व आरपीएफ स्टाफ की ड्यूटी शकूर बस्ती स्टेशन पर ऑफ होगी।

सैनिटाइजेशन, सोशल डिस्टेंस का रखा ध्यान

भिवानी से बिहार के पूर्णिया जाने वाली स्पेशल ट्रेन में जाने वाले प्रवासियों का सोशल डिस्टेंसिंग का पूरा ध्यान रखा गया। स्टेशन पर प्रवेश से लेकर स्क्रिनिंग, जांच, टिकट वितरण का ध्यान रखा।

12 मई को किशनगंज जाएगी स्पेशल ट्रेन

9 मई को बिहार के पूर्णिया के लिए श्रमिक स्पेशल ट्रेन से प्रवासियों को रवाना किया गया। रविवार काे भिवानी जंक्शन से छतरपुर और मंगलवार को किशनगंज के लिए श्रमिक स्पेशल ट्रेन चलेगी।