झोझूकलां व झोझूखुर्द कंटोनमेंट जोन घोषित,घरों में ही रहने की अपील

चरखी दादरी. झोझू कलां क्षेत्र में कोरोना पॉजिटिव रोगी पाए जाने के बाद जिलाधीश श्यामलाल पूनिया ने इस क्षेत्र को कंटोनमेंट जोन घोषित कर दिया है और क्षेत्र में आवागमन पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। जिलाधीश ने लोगों से अपील की है कि सभी अपने घरों में ही रहें और किसी भी सूरत में बाहर ना निकलें। प्रशासन द्वारा इस क्षेत्र में घर-घर आवश्यक वस्तुएं पहुंचाने की व्यवस्था कर दी है। जिलाधीश ने कहा है कि गृह मंत्रालय के नवीनतम निर्देशों को ध्यान में रखते हुए झोझूकलां में कोरोना का मामला आते ही झोझूकलां और झोझू खुर्द को कंटोनमेंट जोन घोषित कर दिया गया है। इस क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति के अपने घर से बाहर निकलने और आवागमन पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है। जिलाधीश ने इस क्षेत्र को सैनिटाइज करने और सभी लोगों की स्क्रीनिंग करने के भी आदेश दिए है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे अपने घरों में ही रहें और किसी भी सूरत में बाहर ना निकलें। घरों से बाहर निकलना आपके और दूसरों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। जिलाधीश ने खाद्य एवं पूर्ति विभाग को निर्देश दिए है कि तुरंत प्रभाव से प्रतिबंधित क्षेत्र में घर-घर दैनिक आवश्यक वस्तुएं पहुंचाने की व्यवस्था की जाए और डिलीवरी के दौरान विशेष ध्यान रखा जाए कि कोई भी वस्तु बिना सैनिटाइज हुए किसी ग्रामवासी के पास ना पहुंचे। उन्होंने गांव के निवासियों को आश्वस्त किया कि किसी भी व्यक्ति के कोई परेशानी नहीं आने दी जाएगी। प्रशासन ने तुरंत सभी व्यवस्थाएं कर दी हैं। क्षेत्र के लोग भी प्रशासन का सहयोग करें।

क्षेत्र में आवगमन पर रहेगी रोक: राणा

पुलिस अधीक्षक बलवान सिंह राणा ने निर्देश दिए कि तुरंत प्रभाव से क्षेत्र में आवागमन पर रोक लगाई जाए। झोझूकलां व झोझू खुर्द दोनों गांवों में आवागमन के लिए केवल एक ही रास्ता रहेगा, जिससे आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई के लिए प्रयोग किया जाएगा। उन्होंने साथ लगते सभी गांव में ठीकरी पहरा लगवाने के आदेश भी दिए हैं।

22 टीमें करेंगी लोगों की स्क्रीनिंग

सिविल सर्जन डाॅ. प्रदीप शर्मा ने बताया कि विभाग ने पूरे क्षेत्र के लोगों की स्क्रीनिंग के लिए 22 टीमें बना दी है, जो तीन राउंड में तीन बार लोगों के स्वास्थ्य की जांच करेंगी। इस कार्य के लिए डाॅ. प्रवीण को नोडल अधिकारी और डॉ. संजय गुप्ता को ओवरऑल इंचार्ज लगाया गया है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक टीम हर रोज 50 घरों के सदस्यों की जांच करेंगी।