गेहूं का उठान न होने से आढ़तियों ने सरकारी एजेंसी के खिलाफ की नारेबाजी

इस्माइलाबाद. अनाजमंडी में सरकारी एजेंसी द्वारा खरीदे गेहूं का उठान न होने से गुस्साए आढ़तियों ने सरकारी एजेंसी हैफेड के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वहीं उठान ठप होने पर आढ़तियों ने अपना रोष भी जताया। अनाजमंडी आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान राजेश कंसल ने कहा कि 20 अप्रैल से हैफेड ने अनाजमंडी से गेहूं खरीद का कार्य शुरू कर दिया था। इसके बाद अब तक हैफेड अनाजमंडी से करीब साढ़े पांच लाख बैग की खरीद कर चुकी है लेकिन एजेंसी ने करीब दो लाख बैग का उठान करवाया है। उन्होंने बताया कि कुछ समय तक तो एजेंसी ने बेहद धीमी गति से उठान कार्य करवाया था लेकिन उसके बाद तो उठान का कार्य बिल्कुल बंद हो गया है। इससे अनाजमंडी गेहूं के बैग से अटी पड़ी हुई है लेकिन अधिकारियों को बार बार कहने के बाद भी उठान कार्य शुरू नहीं किया गया। इसके चलते आढ़तियों को बेवजह गेहूं के कट्‌टों का पहरा देना पड़ रहा है।

वहीं तेज धूप के बाद गेहूं में आने वाली कटौती भी आढ़तियों से ही वसूली जाती है। उन्होंने आरोप लगाया कि अजराना कलां में हैफेड अपना माल उतार रहा है। वहां पर तैनात अधिकारी गुलाब सिंह आढ़तियों को नमी के नाम पर परेशान करते हैं। इस तरह के अधिकारियों से आढ़तियों को बचाया जाए। इस मौके पर दिनेश गर्ग, संदीप कंसल, बलदेव शर्मा, लक्की राणा, कुलदीपक कौशल, प्रतिश कंसल, शिव अरोड़ा, शीतल प्रसाद, विक्रांत, गोबिंद्र जोशन व सिमरनजीत आदि मौजूद रहे। हैफेड के इंस्पेक्टर गुलाब सिंह ने आढ़तियों द्वारा लगाए गए आरोप को निराधार बताया हैं। आढ़ती से किसी तरह की कोई मांग नहीं रखी है और न ही किसी से नमी के नाम पर अलग से कोई बैग नहीं लिए हैं। वहीं एसडीएम पिहोवा सानू राम ने कहा कि हैफेड द्वारा उठान न होने का मामला उनके संज्ञान में नहीं था। हैफेड के डीएम को निर्देश दिए जाएंगे कि माल उठान में तेजी लाई जाए।