फैमिली बेस सर्वे से सरकार के पास होगी हर घर की आर्थिक स्थिति व जनसंख्या का आंकड़ा

  • परिषद का अनुमान : शहर में करीब 30 हजार परिवार, सर्वे में बीएलओ करीब एक माह से कर रहे काम

कैथल. कोरोना संकट के बीच सिटी में नगर परिषद बूथ लेवल फैमिली सर्वे करवा रही है। परिषद को अनुमान है कि शहर में करीब 30 हजार परिवार रहते हैं। सर्वे में बीएलओ करीब एक माह से काम कर रहे हैं। अब नगर परिषद ने काम को तेजी से करने के लिए 200 सक्षम युवाओं को फिल्ड में उतारा है। अब तक सर्वे करने वाले 24 हजार परिवार तक पहुंच चुके हैं। इसमें से करीब नौ हजार परिवारों का डाटा ऑनलाइन किया जा चुका है। शेष का काम जारी है। इस सर्वे का मुख्य उद्देश्य शहर के प्रत्येक परिवार की आर्थिक स्थिति और परिवार की जरूरत को जानना है। ताकि भविष्य में ऐसे जरूरतमंद परिवारों की सहायता की जा सके, जिन तक सरकार पहुंच नहीं पाती है। सर्वे में परिवार के सदस्यों की जानकारी के साथ आठ सवालों के जवाब एक फार्म में भरे जा रहे हैं। फिर इन फार्मों को नगर परिषद में जमा किया जाता है, जहां से करीब 50 कंप्यूटरों के माध्यम से इनको ऑनलाइन कर सरकार को भेज दिया जाता है। इस सर्वे से शहर की सही जनसंख्या का अनुमान भी सरकार के पास उपलब्ध होगा। इसमें कितने बच्चे, बुजुर्ग, युवा सभी का एक डाटा मिल जाएगा।
ये जानकारी जुटाई जा रही| इसमें बीएलओ और सक्षम युवा घरों में जाकर परिवार के सदस्यों की संख्या, उनके आधार नंबर, व्यवसाय और मोबाइल नंबर ले रहे हैं। इसके बाद परिवार की आय पूछी जा रही है। इसमें उच्च आय, मध्यम परिवार, गरीब या जरूरतमंद परिवार का प्रश्न है। जिसमें मिली जानकारी भरी जाती है। इसके बाद परिवार में गंभीर बीमारी के मरीज, छोटे बच्चों की संख्या, अकेली महिला, अकेले बुजुर्ग है या नहीं, उसकी जानकारी ली जाती है। इसके साथ ही उनकी जरूरताें को भी लिखा जाता है। तीसरे सवाल में परिवार को सरकार की तरफ से कोई रोशन या वित्तीय सहायता मिल रही है या नहीं। परिवार बीपीएल, मजदूर वर्ग से संबंध रखता है। परिवार के पास किस श्रेणी का राशन कार्ड है। क्या परिवार कोरोना महामारी से बचाव के लिए दान देना चाहता है। क्या परिवार को राशन/वित्तीय सहायता की आवश्यकता है या नहीं। अंत में परिवार के मुखिया का बैंक अकाउंट नंबर लिया जाता है।