एल-1 व एल-13 के गोदामों को चेक किया जा रहा: ग्रेवाल

अम्बाला. डिस्टलरीज से किसी प्रकार की शराब की चोरी और स्मगलिंग न हो। इसके लिए आबकारी विभाग डिस्टलरीज से निकलने वाले माल पर पूरी तरह से नजर रखे हुए है। एल-1 और एल-13 के गोदामों को चेक किया जा रहा है। डीईटीसी ग्रेवाल ने चारों डिस्टलरीज, 2 बॉटलिंग प्लांट तथा बीयर फैक्टरी पर नजर रखने के लिए संयुक्त रूप टीमाें का गठन किया है।
उन्होंने बताया कि जिला में एल 1 के चार और एल-13 के पांच गोदाम हैं। सभी गोदामों में चेकिंग के दृष्टिगत सभी टीमें निर्धारित निर्देशों के अनुसार काम कर रही हैं। जिला के बधौली में दो और जटवाड़ में भी दो फैक्ट्रियां हैं, जबकि बाकी बीयर की एक फैक्टरी और बॉटलिंग के प्लांट साहा के अंदर है।
सरकार के निर्धारित नियमों के तहत फैक्ट्रियों में काम करने संबंधी विषय को लेकर ओएसिस ओवरसिज प्राइवेट लिमिटेड तथा ओएसिस कॉमर्शियल प्राइवेट लिमिटेड के वाइस प्रेजिडेंट राजेंद्र सिंह गोदारा और एनवी डिस्टलरी के मुख्य पदाधिकारी अरविंद कुमार शर्मा, एलाइड ब्लेंडर प्लांट के हेड राजीव कुमार तथा मोलशन कोर प्लांट के हेड तरूण गर्ग ने बताया कि वे सरकार द्वारा निर्धारित निर्देशों की पहले भी पालना करते रहें है और सरकार तथा प्रशासन द्वारा जो वर्तमान में निर्देश जारी किए गए हैं। उनकी पूरी तरह से पालना की जाएगी। सभी प्लांटों के हेड इंचार्ज ने बताया कि कोरोना के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए फैक्ट्रियों में सेनिटाइजर, मास्क इत्यादि की व्यवस्था कर ली गई है।

फ्लो चार्ट से सीधे नजर रखी जा रही
डीईटीसी ग्रेवाल ने बताया कि सरकार शराब की फैक्ट्रियों पर प्रत्यक्ष रूप से नजर रखने की व्यवस्था कर रही है। जिसके तहत सभी फैक्ट्रियों में फ्लो चार्ट मीटर लगाएं जाएंगे। जिसके दृष्टिगत मुख्यालय और फील्ड में बैठे अधिकारी फैक्ट्रियों में बनने वाले ईएनए (एल्कोहल) पर सीधे नजर रख पाएंगें।