पीपीई किट पहने-पहने लगातार 8 घंटे काम करने में आ रही दिक्कत, डिजाइन में होगा बदलाव

  • भगत फूल सिंह मेडिकल कॉलेज सोनीपत में बैठक के बाद लिया गया फैसला
  • कोविड वार्ड में अब चार-चार घंटे की शिफ्ट में तैनात किए जाएंगे डॉक्टर

सोनीपत. कोरोना कोविड-19 की जंग में मजबूती से लड़ाई लड़ रहे भगत फूलसिंह महिला मेडिकल कालेज खानपुर कलां के चिकित्सकों व अन्य स्टाफ को अब कोविड-19 वार्डों में चार-चार घंटे की शिफ्टों में तैनात किया जाएगा। इसके साथ ही उनके लिए बनाई गई पीपीई किट के डिजाइन में भी बदलाव करवाया जाएगा। यह निर्णय बीपीएस मेडिकल कॉलेज में आयोजित बैठक में लिया गया है।

पीपीई किट बनाने वाली कंपनी को बुलाकर किया जाएगा उसके डिजाइन में सुधार

  • बैठक में जिला चार्ज अधिकारी के मकरंद पांडुरंग, उपायुक्त डॉ. अंशज सिंह, बीपीएस मेडिकल कॉलेज की निदेशक डॉ. रेणु गर्ग, कोविड के नोडल अधिकारी डॉ. आनंद अग्रवाल, माइक्रोबायोलोजी की एसोसिएट प्रो. डॉ. सरिता यादव, डिप्टी नर्सिंग सुपरिटेंडेंट मुन्नी शर्मा, डॉ. रमिंद्र संधू सहित मेडिकल कॉलेज के वरिष्ठ चिकित्सक शामिल हुए।
  • बैठक में उपायुक्त डॉ. अंशज सिंह ने कहा कि मेडिकल कॉलेज में इस समय 101 कोविड-19 मरीजों का ईलाज चल रहा है। ऐसे में चिकित्सकों में वायरस का इन्फेक्शन होना गंभीर मामला है। पीपीई किट पहननी पड़ती है। एक बार पहनने के बाद आठ घंटे की ड्यूटी में इसी निकाल नहीं सकते। चिकित्सक ने चार घंटे ड्यूटी की है तो उसके बाद वह शाम को चार घंटे की ड्यूटी करे।
  • चार्ज अधिकारी के मकरंद पांडुरंग ने कहा कि किट का निर्माण कर रही कंपनी के प्रतिनिधि को बुलाकर चिकित्सकों की जरूरत के अनुसार इसमें बदलाव करवाया जाएगा। कोविड मरीजों को दिए जा रहे खाने को और ज्यादा बेहतर करने के निर्देश भी दिए गए। रेजिडेंट डॉक्टरों को मरीजों का ईलाज करने में आ रही समस्याएं भी सुनी गई।
  • बैठक के दौरान माइक्रोबायोलोजी विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. सरिता यादव ने बताया कि फिलहाल सोनीपत, पानीपत, जींद, फरीदाबाद, गुरुग्राम सहित करीब आठ जिलों के सैंपल बीपीएस मेडिकल कालेज में जांच के लिए आ रहे हैं। पिछले चार दिनों में सोनीपत से ही साढ़े तीन सौ से ज्यादा सैंपल कोविड जांच के लिए आए हैं। सैंपल जांच के लिए एक मशीन और बढ़ाई जाएगी।