प्रदेश में बढ़े हुए दामों के साथ शराब की दुकानें खुलीं, 41 दिन बाद ठेकों पर बड़े-बूढ़े सब दिखे लाइनों में

  • सरकार ने शराब पर कोरोना सेस लगाया, देशी की बोतल 5 रुपए और अंग्रेजी की बोतल 20 रुपए महंगी
  • हरियाणा में कोरोना मरीजों का आंकड़ा पहुंचा 548, इनमें 256 हुए ठीक, अब कुल 286 एक्टिव मरीज

पानीपत. हरियाणा में बुधवार को लॉकडाउन फेज-3 के तीसरे दिन कोरोना सेस लगने के बाद शराब की दुकानें खुल गईं। 41 दिन बाद दुकानें खुलते ही लंबी-लंबी लाइनें लग गईं। कई जगह दुकानों के बाहर पुलिसकर्मियों को तैनात करना पड़ा ताकि स्थिति सामान्य बनी रहे और लोग सोशल डिस्टेंसिंग बनाकर रखें। हालांकि, कंटेनमेंट जोन में शराब के ठेके नहीं खुले हैं। हरियाणा में शराब की दुकानें खोलने का समय सुबह 7 बजे से शाम 7 बजे तक निर्धारित किया है। सरकार ने लॉकडाउन के बीच 27 मार्च रात 12 बजे के बाद से शराब की बिक्री बंद कर दी थी। इसके बाद बुधवार को शराब के ठेके खुले हैं।

हांसी में शराब का ठेका जैसे ही 8 बजे खुला, यहां लाइन लग गई। सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखने के लिए पुलिसकर्मी को तैनात करना पड़ा।

कोरोना सेस लगने से 5 रुपए से 20 रुपए तक महंगी हुई शराब
हरियाणा सरकार ने शराब पर कोविड सेस (उपकर) लगा दिया। देसी शराब की बोतल पर 5 रुपए, अंग्रेजी शराब की बोतल पर 20 रुपए सेस लगाया है। यह निर्णय मुख्यमंत्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रिमंडल की बैठक में लिया गया था। शॉपिंग मॉल में शराब की बिक्री पर रोक रहेगी। आबकारी नीति में संशोधन के अनुसार, एल-2, एल-14ए और अन्य सहवर्ती लाइसेंसों की वैधता अवधि 19 मई 2021 तक रहेगी। सरकार ने डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला की अध्यक्षता में सब कमेटी का गठन किया है। इसमें परिवहन मंत्री मूलचंद शर्मा और खेल मंत्री संदीप सिंह हैं, जो केंद्र सरकार द्वारा नियमों को लागू कराएगी

हांसी में सुबह-सुबह शराब का ठेका खुला तो सबसे पहले लोगों ने बोतलें खरीदीं और सीधे घर के लिए निकले।

कितनी महंगी हुई शराब

  • विदेश से आने वाली शराब की बोतल पर 50, अद्धा और पव्वे पर 25 रु. बढ़े।
  • देसी शराब की बोतल पर 5, अद्धा पर 3 व पव्वे पर 2 रुपए बढ़ाए।
  • देश में बनी विदेशी शराब की बोतल पर 20, अद्धा पर 10 व पव्वे पर 5 रु. बढ़े।
  • माइल्ड और रेगुलर बीयर पर 2 और स्ट्रांग बीयर पर 5 रु. बढ़े।

कोरोना मरीज ठीक होने की दर गिरी
हरियाणा में कोरोना मरीजों के ठीक होने की दर एक सप्ताह पहले 72% थी। अब यह गिरकर 46.2% पर आ गई है। अब तक 4 जिलों में सभी मरीज ठीक होकर घर आ चुके हैं। इन जिलों में कुरुक्षेत्र, कैथल, भिवानी व चरखी दादरी शामिल है। पंचकूला, मेवात, पलवल जिले ऐसे हैं, जिनमें रिकवरी रेट 75 से लेकर 94% तक है। हिसार, सिरसा, फरीदाबाद, गुड़गांव, करनाल व रोहतक ऐसे जिले हैं, जहां रिकवरी रेट 26 से 40 फीसदी तक पहुंचा है। झज्जर जिले में अभी कोई भी मरीज ठीक नहीं हो पाया है। जबकि 0 से 25% तक की रिकवरी रेट में झज्जर के अलावा जींद, फतेहाबाद, पानीपत व सोनीपत जिले हैं। रेवाड़ी और महेंद्रगढ़ में एक भी पॉजिटिव केस नहीं मिला है।

असंध में इंटर डिस्ट्रिक्ट मूवमेंट रोकने के लिए रास्ते को खोद दिया गया है। जिला प्रशासन ने हर गांव में इस तरह के कच्चे रास्तों को खोद दिया है।

इंटर डिस्ट्रिक्ट मूवमेंट बंद करने के लिए कच्चे रास्ते खोदे
हरियाणा में हाइवे पर पुलिसकर्मी तैनात हैं लेकिन लोग कच्चे रास्तों से आवागमन कर रहे हैं। ऐसे में अब कच्चे रास्तों को खोद दिया गया है ताकि लोग इंटर ड्रस्ट्रिक्ट मूवमेंट न कर पाएं। अम्बाला सिटी के गांव डडियाना के पास रोजाना तीन से चार पुलिस की गाड़ियां प्रवासी मजदूरों को छोड़कर जा रही थी। घग्घर नदी क्रॉस करके प्रवासी अम्बाला में क्रॉस कर रहे थे। गांव डडियाना में कोरोना वायरस संक्रमण न फैले, इसलिए गांव की सरपंच अमनदीप कौर ने डीसी अम्बाला को एक चिट्टी लिखी। जिला प्रशासन हरकत में आ गया और गांव डडियाना पहुंचा। गांव के लोगों ने मौके पर पहुंचे अधिकारियों से कहा कि यह रास्ता एक ठेकेदार ने पाइप डालकर बनाया था ताकि उसके मिट्टी के ट्रक उसके ऊपर से गुजर सके।

इसी तरह करनाल जिले के असंध में हुआ, जहां दूसरे जिले की सीमा से एंट्री न कर पाए, इसके लिए पुलिस प्रशासन ने सड़क को खोद दिया है। इसी के साथ वहां नाका बनाकर पुलिस कर्मचारियों को तैनात कर दिया है। जिले की सीमा पर 24 घंटे चौकसी है।

हरियाणा में 548 पहुंचा आंकड़ा

  • हरियाणा में अब तक गुड़गांव में 84, सोनीपत में 78, फरीदाबाद में 76, झज्जर में 64, नूंह में 59, अम्बाला में 37, पलवल में 36, पानीपत में 28, पंचकूला में 18, जींद में 10, करनाल में 9, यमुनानगर में 8, सिरसा में 6, फतेहाबाद में 5, हिसार, रोहतक में 4-4, भिवानी में 3. कुरुक्षेत्र और कैथल में 2-2, चरखी दादरी में एक पॉजिटिव मिला। इसके अलावा, मेदांता अस्पताल गुड़गांव में 14 इटली के नागरिकों को भी भर्ती करवाया गया था, जिन्हें हरियाणा ने अपनी सूची में जोड़ा है।
  • प्रदेश में अब कुल 256 मरीज ठीक हो गए हैं। नूंह में 53, फरीदाबाद में 43, गुड़गांव में 47, पलवल 32, पंचकूला में 17, अम्बाला में 11, करनाल और पानीपत में 5-5, सिरसा और सोनीपत में 4-4, यमुनानगर, भिवानी और हिसार में 3-3, कैथल, कुरुक्षेत्र, रोहतक में 2-2, चरखी दादरी, फतेहाबाद 1-1 मरीज ठीक होने पर घर भेजा गया। 14 मरीज इटली के भी ठीक हुए हैं। इनके समेत कुल आंकड़ा 241 हो जाता है।
  • प्रदेश में अब तक 133 जमाती संक्रमित मिले हैं। इनमें सबसे ज्यादा नूंह जिले से हैं। यहां कुल 42 जमाती संक्रमित पाए गए। इसके अलावा, पलवल 31, फरीदाबाद 23, गुड़गांव 15, अम्बाला 5, पंचकूला 7, यमुनागर 3, भिवानी 2, कैथल, जींद, चरखी दादरी, फतेहाबाद और सोनीपत में एक-एक मरीज संक्रमित मिला। यह सभी मरकज से लौटे थे। जिन्हें अलग-अलग मस्जिदों और गांवों से पकड़ा गया था। (हरियाणा स्वास्थ्य विभाग द्वारा 5 मई को जारी बुलेटिन के अनुसार)