पीजीआई की लैब में 11 जिलों से ढाई गुना पहुंच रहे कोरोना संदिग्धों के सैंपल

  • कोई अपनी मैरिज एनिवर्सरी छोड़कर काम कर रहा तो कोई अपना जन्मदिन
  • 2 से 5 मई तक 11 जिलों से औसतन 1 हजार से अधिक सैंपल रोजाना आ रहे टेस्टिंग के लिए

रोहतक (विवेक मिश्र). अप्रैल में तब्लीगी जमात में शामिल वर्ग विशेष के लोग फिर सब्जी विक्रेताओं और अब नांदेड़ से यात्रा करने वाले लोगों के कोरोना वायरस संक्रमित मिलने के बाद से प्रदेश में हड़कंप मचा हुआ है। हरियाणा स्वास्थ्य विभाग ने हर जिले में कोरोना संदिग्धों का सैंपल एकत्रित करने का काम तेज कर दिया है। पिछले चार दिनों के आंकड़े बताते हैं कि दो से पांच मई तक प्रदेश के 11 जिलों से रोजाना औसतन एक हजार से अधिक सैंपल टेस्टिंग के लिए आ रहे हैं। ऐसे में पीजीआई की वायरल रिसर्च एंड डायग्नोस्टिक लैब के नोडल अधिकारी व लैब स्टाफ की टीम वर्कलोड ढाई गुना तक बढ़ गया है।

पीजीआई की लैब में पांच मई तक 12,626 कोरोना संदिग्धों के सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं जिनमें 172 लोगों की सैंपल रिपोर्ट में कोरोना की पुष्टि हुई।नोडल अधिकारी के अनुसार लैब में टेस्टिंग करने वाली रियल टाइम पीसीआर मशीन 24 घंटे में अधिकतम 500 सैंपल टेस्ट कर सकती है। लेकिन 11 जिलों से जिस रफ्तार से सैंपल आ रहे हैं उसका हाल के चार दिनों का आंकड़ा 1400 सैंपल तक पहुंच गया है।

ऐसे में टीम की ड्यूटी का रोस्टर प्लान पूरी तरह बिगड़ा हुआ है। फिर स्टाफ मेंबर्स मे कोई अपनी पहली मैरिज एनिवर्सरी को छोड़कर लैब में बिना छुट्‌टी लिए काम में जुटा है तो कोई महिला स्टूडेंट चिकित्सक पिता की तबियत बिगड़ने पर उनके पास नहीं जा सकी। ऐसे समर्पित स्टाफ मेंबर्स की वजह से 24 घंटे लगातार काम करना संभव हो रहा है। उम्मीद है कि अगले दो दिन में एक और नई मशीन का संचालन शुरू हो जाएगा, जिससे रोजाना सैंपल टेस्ट करने की संख्या में इजाफा होने के साथ वर्कलोड घटने की उम्मीद है।