अस्पताल व स्टेडियम की कंस्ट्रक्शन साइट के कई श्रमिक लोकल

  • स्वास्थ्य विभाग को अभी इन श्रमिकों के संक्रमण का सोर्स का पता नहीं चल रहा

अम्बाला. कैंट सिविल अस्पताल व स्टेडियम के निर्माण से जुड़ी जिस कंपनी के 16 श्रमिक व 2 साइट इंजीनियर पॉजिटिव मिले हैं, उससे स्थानीय लोगों का भी जुड़ाव रहा है। ऐसे बहुत से लोग हैं जो कंस्ट्रक्शन साइट पर अलग-अलग जिम्मेदारी निभा रहे थे। जिससे खतरा केवल प्रवासी श्रमिकों तक सीमित नहीं है बल्कि यह स्थानीय स्तर पर भी खतरे की घंटी बजा रहा है। मुसीबत यह भी है कि अभी इनके संक्रमण का सोर्स का पता नहीं चल रहा है। सुपरवाइज की लेबर में जो लोग तीन माह से कहीं नहीं गए थे उनमें से भी 10 लोग पॉजिटिव मिले हैं। वहीं, स्टेडियम व अस्पताल पर काम करने वाली लेबर व काम करने वाले स्थानीय लोग एक दूसरे के संपर्क में रहे हैं। स्टेडियम में काम करने वाले 28 लोगों को 26 अप्रैल को टांगरी बांध से रेजिडेंट क्वार्टर में बनाए शेड के नीचे शिफ्ट किया गया था।

डिस्ट्रिक्ट क्वारेंटाइन कमेटी के इंचार्ज डॉ. राजेंद्र राय के मुताबिक स्टेडियम की लेबर में एक सुपरवाइजर इस्माइलपुर गांव का है। जो व्यक्ति सरिया बांधने का काम करता था वह तोपखाना का रहने वाला है। उसके परिवार में मां व भाई के अलावा उसके दो कांटेक्ट हैं। इसी प्रकार स्टाफ रोड व बीडी फ्लोर मिल के पीछे का युवक, बब्याल में रहने वाले दो युवक इस साइट पर काम करते रहे हैं। जंडली के माता रानी चौक के पास रहने वाला व्यक्ति शटरिंग का काम करता था। एक व्यक्ति मोहड़ा से आकर काम करता था। कंस्ट्रक्शन कंपनी में बड़ा खुड्‌डा, जनेतपुर व काकरू से एक-एक ड्राइवर जुड़ा हुआ था। जंडली से एक व्यक्ति छोटे ठेकेदार के तौर पर काम करता था। गर्ग कंपनी का प्रोजेक्टर मैनेजर खुद सेक्टर-9 में रहता है। चार दिन पहले साइट पर गया था। अस्पताल के दो महेशनगर के रानीबाग में भी रहते हैं। स्टेडियम का एक साइट इंजीनियर टांगरी पार पूजा विहार में रहता है व दूसरा मटहेड़ी के पास इस्माइलपुर रहता है। अस्पताल व रेजीडेंट फ्लैट की 139 लेबर है। इनमें से कैंसर अस्पताल में 53 बड़ों समेत 66 लोग हैं।

रेजीडेंसियल क्वार्टर के साइट पर ऐसे फैला संक्रमण
तीन कारपेंटर एक ही कमरे में रहते थे। इनमें से एक अभी संक्रमित नहीं है। मिस्त्री का काम करने वाले की पत्नी व बेटा पॉजिटिव हैं। दोनों बेटियां व खुद अभी तक संक्रमण से बचे हुए हैं। एक कमरे में पति-पत्नी व बेटा पॉजिटिव है। तीन लड़कियां संक्रमण से बची हुई हैं। संक्रमित मिले सुपरवाइजर के साथ रहने वाला एक व्यक्ति अभी संक्रमित नहीं है। हालांकि, इनके सैंपल की रिपोर्ट आने के बाद तय होगा कि ये कोरोना संक्रमित हैं या फिर नहीं हैं।