रोडवेज बसों से भेजे जाएंगे यूपी-राजस्थान, पंजाब, उत्तराखंड और हिमाचल के खेतीहर मजदूर: सीएम

दैनिक भास्कर

May 04, 2020, 05:00 AM IST

पानीपत. सीएम मनोहर लाल ने कहा है कि हरियाणा में फंसे भारत के अन्य राज्यों के सभी खेतिहर मजदूर और प्रवासी मजदूर अपने घरों में जल्द से जल्द सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से भेजा जाएगा। हरियाणा से लगते उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के सीमावर्ती राज्यों के खेतिहर मजदूरों को बसों के माध्यम से उनके घर भेजा जाएगा और बिहार, झारखंड व मध्य-प्रदेश के प्रवासी मजदूरों को राज्य के अलग-अलग स्टेशनों से विशेष श्रमिक रेलगाड़ियों के माध्यम से भेजा जाएगा। शेष राज्यों के प्रवासी मजदूरों की संख्या में अपेक्षाकृत कम है, इसलिए नई दिल्ली से विशेष ट्रेनों के माध्यम से उनकी वापसी होगी। सीएम ने रविवार को श्रमिक यूनियनों के पदाधिकारियों और पांच अलग-अलग राजनीतिक दलों के श्रम प्रकोष्ठ के अध्यक्षों के साथ एक वीडियो कॉन्फ्रेंस की।
सीएम ने यूनियनों से आग्रह करते हुए कहा कि वे मजदूरों तथा उनके परिवारों के लिए धैर्य संबंधी सरकार की प्रतिबद्धता के संदेश का प्रसार करें, अन्यथा, लौटने की उनकी उत्सुकता असामाजिक तत्वों द्वारा उनके शोषण का कारण बन सकती है। कुछ और दिनों के लिए कुछ मजदूरों को हरियाणा में समय बिताना होगा, उन्हें सामाजिक दूरी का पालन करना होगा, उपयोगी कार्यों में शामिल होने का प्रयास या कुछ नए कौशल सीख सकते हैं। सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि हरियाणा में कोरोना संकट के दौरान कोई भी व्यक्ति भूखा न रहे।

ट्रेनों से जाएंगे बिहार, झारखंड और एमपी के मजदूर, मुख्यमंत्री ने श्रमिक यूनियन के पदाधिकारियों के साथ की वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग

मार्च-अप्रैल के वेतन प्रगति की होगी समीक्षा
बैठक में यह भी सर्वसम्मति थी कि जहां तक संभव हो औद्योगिक मजदूरों को अपनी इकाइयों को फिर से खोलने में सहायता करने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। विभिन्न श्रमिकों के प्रतिनिधियों के साथ संबंधित उपायुक्त की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समितियों का गठन किया जाएगा, जिसमें उद्योगपतियों, विशेष रूप से छोटे और मध्यम उद्योगों, द्वारा श्रमिकों के लिए मार्च और अप्रैल के महीने के वेतन की प्रगति की समीक्षा की जाएगी। मुख्यमंत्री ने यह भी आश्वासन दिया कि सरकारी कर्मचारियों को दिए जा रहे 17 प्रतिशत डीए में कटौती की कोई योजना नहीं है। सरकारी क्षेत्रों में स्क्रीनिंग के काम में लगी हुई आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पीपीई किट के वितरण को लेकर कोई भेदभाव नहीं होगा। बैठक में भारतीय मजदूर संघ के अध्यक्ष वेद सैनी और महासचिव हनुमान गोदारा, भारतीय राष्ट्रीय व्यापार संघ कांग्रेस के अध्यक्ष अमित यादव और महासचिव धर्मबीर लोहान, अखिल भारतीय ट्रेड यूनियन कांग्रेस के अध्यक्ष बलदेव घनघश और महासचिव बेचू गिरि, भारतीय व्यापार संघों के केंद्र के अध्यक्ष सुरेखा और महासचिव जयभगवान, हिंद मजदूर सभा के अध्यक्ष एसडी त्यागी और महासचिव सुंदर लाल और ऑल इंडिया यूनाइटेड ट्रेड यूनियन सेंटर के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह और महासचिव हरि प्रकाश ने वीडियो कान्फ्रेंस के माध्यम से भाग लिया। विभिन्न राजनीतिक दलों के श्रमिक प्रकोष्ठों की ओर से बैठक में भाग लेने वालों में अध्यक्ष भाजपा श्रम प्रकोष्ठ डीसी यादव, अध्यक्ष जेजेपी श्रम प्रकोष्ठ रामफल फौजी, अध्यक्ष कांग्रेस श्रम प्रकोष्ठ धर्मबीर लोहान, राज्य संयोजक इनेलो प्रकोष्ठ बलवान सिंह फौजी और सीपीएम लेबर सेल की ओर से भवन निर्माण कामगार यूनियन, हरियाणा के अध्यक्ष देसराज शामिल हुए।