काेराेना सैंपलाें की जांच में हिसार का अश्व अनुसंधान संस्थान देश में पहले नंबर पर

  • 22 दिनाें में की 2200 सैंपलाें की जांच, 1884 की जांच कर भाेपाल दूसरे स्थान पर

दैनिक भास्कर

May 04, 2020, 05:00 AM IST

हिसार. लाॅकडाउन के दाैरान काेराेना वायरस से बचाव के मद्देनजर काेराेना सैंपलाें की जांच करने में हिसार के केंद्रीय अश्व अनुसंधान संस्थान ने बाजी मारी है। आईसीएआर के अंतर्गत अाने वाले हिसार के अश्व अनुसंधान संस्थान के अलावा भाेपाल, इज्जतनगर, भुवनेश्वर के पशु विज्ञान केंद्राें काे काेराेना सैंपलाें की जांच की जिम्मेदारी साैंपी गई थी। अब 22 दिनाें की आईसीएआर ने समीक्षा की ताे हिसार काे प्रथम स्थान िमला। 12 अप्रैल से 3 मई तक चाराें संस्थानाें ने 5484 सैंपलाें की जांच की। जिनमें सबसे अधिक 2200 सैंपलाें की जांच केंद्रीय अश्व अनुसंधान संस्थान के वैज्ञानिकों ने कर प्रथम स्थान प्राप्त किया है। जबकि दूसरे स्थान पर भाेपाल के पशु विज्ञान केंद्र ने 1884, इज्जतनगर ने-1200 तथा भुवनेश्वर के पशु विज्ञान केंद्र ने करीब 200 सैंपलाें की जांच की है।
अाईसीएअार के पशु विज्ञान के डीडीजी डा. बीएन त्रिपाठी ने बताया कि चाराें संस्थानाें ने पांच हजार से अधिक सैंपलाें की जांच की है। पहले स्थान पर अभी तक हिसार का केंद्रीय अश्व अनुसंधान संस्थान है। बताया कि चाराें संस्थान के वैज्ञानिक काेराेना सैंपलाें की जांच में अहम भूमिका निभा रहे है। सभी काे जल्द सम्मानित भी किया जाएगा। सभी काे अलर्ट रहकर काेराेना सैंपलाें की जांच करने काे कहा है। केंद्रीय अश्व अनुसंधान संस्थान के िनदेशक डाॅ. यशपाल ने बताया कि संस्थान के वैज्ञानिक कड़ी मेहनत के साथ काेराेना के सैंपलाें की जांच में जुटे है। यहीं कारण है कि चाराें पशु विज्ञान केंद्र में केंद्रीय अश्व अनुसंधान संस्थान ने पहला स्थान पाया है। सभी वैज्ञानिक व अन्य स्टाफ काे अपने स्तर से भी सम्मानित किया जाएगा।
12 अप्रैल काे साैंपी गई थी जिम्मेदारी: डीडीजी डा. बीएन त्रिपाठी ने बताया कि 12 अप्रैल काे चाराें संस्थान काे काेराेना के सैंपलाें की जांच की जिम्मेदारी साैंपी गई थी। साै से अधिक वैज्ञानिकों के अलावा टैक्नीकल स्टाफ जांच में जुटा है। भुवनेश्वर में हाल ही में सैंपलाें की जांच शुरू की गई है।
अश्व अनुसंधान केंद्र के ये वैज्ञानिक और स्टाफ के लाेग कर रहे काेराेना सैंपलाें की जांच
नाेडल अधिकारी डाॅ. बीआर गुलाटी, उप नाेडल अधिकारी डाॅ. संजय बरूअा, प्रधान वैज्ञानिक डाॅ. राजेंद्र कुमार, डाॅ. नितिन कुमार विरमानी, डाॅ. संजय कुमार, डाॅ. अंजू मनूजा, डाॅ. बलविंदर कुमार, डाॅ. अनुराधा भारद्वाज, डाॅ. हरिशंकर सिंगला, डाॅ. अारके वैध, डाॅ. नवीन कुमार, डाॅ. तरूणा अानंद, डाॅ. बीएस बेरा, डाॅ. रितेश कुमार, डाॅ. संमुग सुंदरम इसके अलावा टैक्नीकल स्टाफ से सीताराम, संजीव कुमार, मुकेश चंद, जाेगिंद्र िसंह, राजकुमार दयाल, पीपी चाैधरी, गुरूदत्त शर्मा, सुभाष चंद्र, हनुमान सिंह, जय िसंह, अाेम प्रकाश, महाबीर प्रसाद, रमेश चंद्र टीम शमिल हैं।

संस्थान सैंपलाें की संख्या
हिसार2200
भाेपाल 1884
इज्जतनगर1200
भुवनेश्वर 200
यह ब्याेरा अाईसीएअार िदल्ली से लिया गया है।